सुपौल : द्यालय खुलने के निर्धारित समय बाद विद्यालय पहुंचने और बंद होने से पूर्व विद्यालय से गायब होने वाले शिक्षक सावधान. क्योंकि अब शिक्षकों की हर गतिविधि पर जिला प्रशासन पैनी नजर रख रही है.
जिले के प्राथमिक व मध्य विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों द्वारा विलंब से विद्यालय पहुंचने एवं बंद होने के समय से पूर्व ही विद्यालय से गायब होने की शिकायत को जिला पदाधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए इस आशय का आदेश जारी कर शिक्षा विभाग के अधिकारियों को आदेश का शत प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने का आदेश दिया है.
डीएम द्वारा जारी आदेश के आलोक में डीइओ ने जिले के सभी डीपीओ, पीओ व बीइओ को पत्र लिख कर पूर्वाह्न 09:30 से अपराह्न 03:30 तक प्रत्येक दिन नियमित रूप से विद्यालय का निरीक्षण कर प्रतिवेदन समर्पित करने का आदेश दिया है. साथ ही साथ सभी पदाधिकारी प्रत्येक दिन 09:20 बजे स्कूल पहुंच कर निर्धारित समय पर स्कूल खुलवाना सुनिश्चित करेंगे एवं 03:30 बजे स्कूल पहुंच कर निर्धारित समय से पूर्व बंद होने वाले स्कूल पर नकेल कसेंगे.
क्या है डीएम का आदेश : पत्रांक 455-1 दिनांक 13 अगस्त के माध्यम से जारी आदेश में डीएम ने कहा है कि आये दिन ऐसी शिकायतें मिल रही है कि विद्यालय निर्धारित समय के बाद खुलती है और निर्धारित समय से पूर्व ही बंद हो जाती है.
शिक्षा विभाग के सभी पदाधिकारियों को निर्देश दिया जाता है कि प्रत्येक दिन कम से कम पूर्वाह्न 09:20 बजे एक विद्यालय का निरीक्षण करेंगे. इसी प्रकार विद्यालय बंद होने के समय 03:30 बजे किसी एक विद्यालय पहुंच कर निरीक्षण किया जाना आवश्यक है. ताकि विद्यालय बंद होने के सही समय की जानकारी मिल सके. 15 दिनों के बाद वैसे विद्यालयों का पुन: उक्त पदाधिकारी द्वारा निरीक्षण किया जायेगा. अधिकारी निरीक्षण के दौरान इस बात का ध्यान रखेंगे कि कितने बजे विद्यालय खुली और कितने बजे बंद हुई. डीएम ने कहा है कि निरीक्षण प्रतिवेदन में इस बात को अंकित किया जाना है कि प्रावधान के अनुसार विद्यालय खुलने व बंद होने में कितने प्रतिशत का सुधार हो रहा है.
जिले में संचालित अधिकांश विद्यालयों का संचालन ससमय नहीं हो पा रहा है. विद्यालयों में पदस्थापित शिक्षक अपने समय के हिसाब से विद्यालय आते-जाते हैं. आये दिन अधिकारियों के सामने इस प्रकार की शिकायतें आती रही है. हाल के दिनों में कई अधिकारियों द्वारा विद्यालय के निरीक्षण के दौरान भी इस बात का खुलासा हुआ कि शिक्षक विद्यालय समय से नहीं आ रहे और विद्यालय बंद होने के समय से पूर्व ही विद्यालय बंद कर चले जाते हैं.
यही वजह है कि डीएम ने इस बात को गंभीरता से लेते हुए इस आशय का आदेश जारी किया है. डीएम के निर्देश पर बुधवार को डीइओ सहित शिक्षा विभाग के कई अधिकारियों ने दर्जनों विद्यालयों का निरीक्षण किया. डीइओ ने बताया कि सभी अधिकारियों को प्रत्येक दिन विद्यालय का निरीक्षण करना है. निरीक्षण प्रतिवेदन डीएम को समर्पित किया जायेगा.
