निर्मली : मरौना प्रखंड क्षेत्र के कदमाहा पंचायत के करीब हजारों की संख्या में बाढ पीड़ित प्रखंड कार्यालय पहुंच कर सोमवार को जमकर आंदोलन करते हुये प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी किया. बाढ़ पीड़ितों का आरोप था कि करीब दस दिन पूर्व आये भीषण बाढ़ में पूरा पंचायत बाढ के पानी से घिर चुका था.
जिस कारण उनलोगों को भारी क्षति हुई है. इस दौरान प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ मणिमाला कुमारी प्रखंड कार्यालय पहुंची. जहां प्रदर्शनकारी बीडीओ की ओर दौड़ पड़े. प्रदर्शनकारी के भय से बीडीओ गार्ड रूप में जा कर छिप गई.
प्रदर्शनकारी गार्ड रूम के समीप जमा होकर बीडीओ को बाहर निकालने की बात पर अड़ गये. बीडीओ के गार्ड रूम से निकलने के बाद प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कदमहा पंचायत के सभी वार्ड को बाढ़ प्रभावित क्षेत्र घोषित किया जाय.
डीसीएल आर अखिलेश्वर प्रसाद वर्मा के द्वारा जो सूची जाम किया गया है. उस सूची को रद्द किया जाय. साथ ही डीसीएलआर को मौके पर बुलाया जाय. प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि बिना स्थलीय जांच के ही डीसीएलआर ने कार्यालय में ही बैठ कर सूची तैयार कर दिया है.
बाढ पीड़ितों ने कहा कि अब तक उनलोगों को बाढ राहत के नाम पर किसी प्रकार की सुविधा नहीं मिली है. करीब 2 घंटे बीत जाने के बाद प्रदर्शनकारियों को समझाने अनुमंडल पदाधिकारी नीरज नारायण पांडे व अंचलाधिकारी विनोद कुमार गुप्ता मौके पर पहुंचे.
अधिकारी द्वय ने प्रदर्शनकारियों को आश्वासन देते हुए कहा कि आपलोगों का पंचायत पूर्ण रूपेण बाढ से प्रभावित है. जिलाधिकारी महोदय को रिपोर्ट कर दिया है. आपलोगो को निश्चित रूप से सरकार द्वारा घोषित 06 हजार सहायता राशि का लाभ दिया जायेगा.
काफी समझाने-बुझाने के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए और प्रदर्शन को समाप्त कराया जा सका. इस मौके पर नवीन कुमार यादव, सत्य नारायण कामत, अकलेश अंबानी, मो अल्लाउद्दीन, राम चन्द्र दास, बजरंग कामत, विष्णु देव कामत, रामसेवक साह, लाल कामत, गणेश ठाकुर, भोला मंडल सहित हजारों की संख्या में महिला व पुरूष मौजूद थे.
