Supaul News: सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक हादसे ने पूरे गांव को गमगीन कर दिया. सोमवार शाम घर से निकली 11 वर्षीय प्रियंका कुमारी रातभर लापता रही. परिवार और ग्रामीण उसे लगातार तलाशते रहे, लेकिन मंगलवार सुबह उसकी तलाश उस वक्त खत्म हुई, जब चिमनी भट्ठा के पास पानी से भरे गहरे गड्ढे में उसका शव मिला. इस घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि ग्रामीणों ने खुले और असुरक्षित गड्ढों को हादसों की बड़ी वजह बताते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है.
घर से निकली बच्ची, फिर नहीं लौटी वापस
घटना सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र की दीना पट्टी पंचायत अंतर्गत वार्ड संख्या 15 स्थित पिपराही गांव की है.
जानकारी के अनुसार, पिपराही निवासी शिवकुमार ठाकुर की 11 वर्षीय पुत्री प्रियंका कुमारी सोमवार शाम करीब चार बजे घर से निकली थी. देर शाम तक जब वह वापस नहीं लौटी तो परिवार की चिंता बढ़ गई.
परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर देर रात तक गांव, खेत, बगीचों और आसपास के इलाकों में उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला.
अगले दिन गहरे पानी में मिला शव
मंगलवार सुबह ग्रामीण खोजबीन करते हुए गांव के पास स्थित एक चिमनी भट्ठा के समीप पहुंचे. वहां पानी से भरे एक गहरे गड्ढे में प्रियंका का शव तैरता हुआ दिखाई दिया.
शव मिलने की सूचना फैलते ही घटनास्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए. परिवार के लोगों की चीख-पुकार से पूरा माहौल गमगीन हो गया.
प्रारंभिक आशंका है कि खेलते समय या किसी अन्य कारण से बच्ची का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में डूब गई. हालांकि घटना के कारणों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी.
पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव
सूचना मिलने पर पिपरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची. स्थानीय लोगों की मदद से शव को गड्ढे से बाहर निकाला गया.
आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, सुपौल भेजा गया. पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया.
पिपरा थानाध्यक्ष किशोर कुमार ने बताया कि पानी से भरे गड्ढे में डूबने से 11 वर्षीय बच्ची की मौत हुई है. आवेदन मिलने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
सबसे छोटी बेटी की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
प्रियंका तीन भाई-बहनों में सबसे छोटी थी. उसकी असमय मौत से परिवार पूरी तरह टूट गया है.
मां लीला देवी का रो-रोकर बुरा हाल है. गांव के लोग लगातार परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं. पूरे गांव में शोक का माहौल है.
Supaul News: खुले गड्ढों पर उठे सवाल, ग्रामीणों ने की घेराबंदी की मांग
घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से चिमनी भट्ठों के आसपास बने गहरे और खुले पानी भरे गड्ढों की तत्काल घेराबंदी कराने की मांग की है.
ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में ऐसे गड्ढे और अधिक खतरनाक हो जाते हैं. सुरक्षा इंतजाम नहीं होने के कारण बच्चों और ग्रामीणों की जान पर लगातार खतरा बना रहता है.
स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि समय रहते इन गड्ढों को सुरक्षित नहीं किया गया तो भविष्य में भी इस तरह के दर्दनाक हादसे दोहराए जा सकते हैं.
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