महारागंज : प्रखंड के पोखरा उत्क्रमित राजकीय मध्य विद्यालय का किचेन शेड करीब दो साल से टूटा है. बरसात के मौसम में विद्यालय में मध्याह्न भोजन बंद है. विद्यालय के शिक्षकों द्वारा बताया गया कि चावल नहीं है जिससे हाल में मध्याह्न भोजन बच्चों को नहीं मिल रहा है.
विद्यालय में 265 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं. चावल उपलब्ध होने पर भी शेड के टूटने से विद्यालय में मध्याह्न भोजन वर्ग कक्ष में बनाया जाता था, जो नियम के अनुसार गलत है. दूसरी तरफ विद्यालय में छात्राओं के हिसाब से कमरे की संख्या कम है. विद्यालय में कुल नौ कमरे हैं, दो क्षतिग्रस्त हैं. सात कमरों में से एक किचेन बनाने के इस्तेमाल में हैं. छह कमरों में वर्ग एक से लेकर वर्ग आठवीं तक की पढ़ाई होती है.
विद्यालय में कुल शिक्षकों की संख्या आठ है जिनमें एक शिक्षक का डिप्टेशन अनुमंडल पदाधिकारी के यहां चुनाव से ही हैं. विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक मनोरंजन सिंह ने बताया कि चावल के अभाव में मध्याह्न भोजन बंद है. प्रभारी प्राध्यापक श्री सिंह ने बताया कि मैंने हाल ही में प्रभार लिया हूं. चावल के अभाव में एमडीएम बंद है. टूटे किचेन शेड की मरम्मत व कमरों के निर्माण के लिए विभाग को पत्र लिखा जायेगा.
