छात्रा की मौत के बाद होली की खुशियां मातम में बदलीं

गुठनी : यूपी के पिपरहिया महाविद्यालय पर अपने भाई व मौसेरी बहन संग परीक्षा देने जा रही एक छात्रा की मौत सड़क दुर्घटना में मौत के बाद गुठनी के तेनुआ मोड़ में कोहराम मच गया. घटना यूपी के देवरिया जिले के लार थाना क्षेत्र के राम जानकी मार्ग पर सुतावार गांव के समीप मंगलवार सुबह […]

गुठनी : यूपी के पिपरहिया महाविद्यालय पर अपने भाई व मौसेरी बहन संग परीक्षा देने जा रही एक छात्रा की मौत सड़क दुर्घटना में मौत के बाद गुठनी के तेनुआ मोड़ में कोहराम मच गया. घटना यूपी के देवरिया जिले के लार थाना क्षेत्र के राम जानकी मार्ग पर सुतावार गांव के समीप मंगलवार सुबह हुई. छात्रा गुठनी के तेनुआ मोड़ निवासी गुलाबचंद्र प्रसाद मद्धेशिया की सबसे छोटी पुत्री पूजा कुमारी बतायी जाती है. वह अपनी मौसेरी बहन दरौली के चकरी गांव निवासी रामनरेश मद्धेशिया की पुत्री शिल्पी संग परीक्षा देने जा रही थी.
दोनों अपने भाई के मोटरसाइकिल पर सवार होकर यूपी के भाटपार थानाक्षेत्र के सुदामी देवी महिला महाविद्यालय पिपरहिया, पकड़ी बाबू परीक्षा देने जा रही थी. इस घटना की सूचना के बाद तेनुआ गांव में कोहराम मच गया. घटना के बाद से परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया. अस्पताल परिसर परिजनों की चीत्कार से शोक में तब्दील हो गया. घटना के बाद होली पर्व की सारी खुशियां मातम में बदल गयी.
पूजा और शिल्पी ने बीए में यूपी पिपरहिया महाविद्यालय में कराया था नामांकन
सड़क हादसे की शिकार दो मौसेरी बहनों ने अपने क्षेत्र में महाविद्यालय नहीं होने का कारण यूपी भाटपार थाना क्षेत्र के पिपरहिया महाविद्यालय में स्नातक की पढ़ाई के लिए नामांकन कराया था. मंगलवार को अंतिम पेपर राष्ट्र गौरव हिंदी का अंतिम पेपर देने अपने भाई संग दोनों बहनें जा रही थी.
शिल्पी रोते बिलखते हुए बोली आज हमलोग के क्षेत्र में महाविद्यालय होता तो इतनी दूर नहीं जाते और न जाती मेरी बहन की जान. पूजा बहुत पढ़ना चाहती थी, दोनों परीक्षा देने जा रहे थे और ईश्वर ने जीवन की अंतिम परीक्षा ही ले.
सात भाई-बहनों में सबसे छोटी थी पूजा
मंगलवार को सड़क दुर्घटना में मौत की शिकार छात्रा पूजा अपने सात भाई बहनों में सबसे छोटी और परिवार की लाड़ली थी. उसकी घटना की जानकारी होते ही परिवार में मातम सा छा गया और माता मालती देवी के रोने से चारों तरफ मातम पसर गया.
पिता गुलाब प्रसाद तो बेटी के शव के पीछे-पीछे भाग रहे है उनकी भी स्थिति विक्षिप्त जैसी हो गयी है. उनको बेटी के साथ-साथ घायल बेटे राजेश की भी चिंता सता रही है. राजेश विदेशी नौकरी करता है जो डेढ़ माह पहले छुट्टी पर आया है. वहीं इन बहनों का परीक्षा दिलवाने ले जा रहा था.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >