वर्षों से ठप हैं अधिकांश नलकूप

सुप्पी(सीतामढ़ी) : प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों में दो दर्जन से अधिक नलकूप हैं. हालांकि इसमें अधिकांश वर्षों से ठप पड़ा हुआ है. इससे किसानों को सिंचाई का कोई लाभ नहीं मिल रहा है. किसानों को खरीफ फसल का पटवन पंपसेट से करना पड़ रहा है. सरकार के स्तर से बार-बार यह बात कही जाती […]

सुप्पी(सीतामढ़ी) : प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों में दो दर्जन से अधिक नलकूप हैं. हालांकि इसमें अधिकांश वर्षों से ठप पड़ा हुआ है. इससे किसानों को सिंचाई का कोई लाभ नहीं मिल रहा है. किसानों को खरीफ फसल का पटवन पंपसेट से करना पड़ रहा है. सरकार के स्तर से बार-बार यह बात कही जाती है कि किसानों के हित में ठोस कदम उठाये जायेंगे, लेकिन बंद पड़े नलकूपों को ठीक नहीं कराये जाने से सरकार की बात व दावा बेमानी साबित हो रही है.

कई नलकूप ऐसे हैं जो बिजली की सुविधा के अभाव में ठप है. गम्हरिया के ब्रह्मचारी वृंद किशोर सिंह व सुनील कुमार सिंह ने बताया कि 10 वर्ष पूर्व गांव में नलकूप लगा. बिजली की सुविधा के अभाव में चालू नहीं हो सका. नाला भी नहीं बनाया जा सका. इधर, परसा गाव के नवीन राय ने बताया कि गांव में नलकूप तो है, पर उससे कम पानी निकलने से किसानों को सिंचाई का समुचित लाभ नहीं मिल पाता है.

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