Sitamarhi News: भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में कौशल विकास एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 20वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), सीतामढ़ी द्वारा आयोजित 30 दिवसीय सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हो गया. भारत सरकार के वित्तीय वर्ष 2026-27 के मानव संसाधन विकास कार्यक्रम के तहत आयोजित यह प्रशिक्षण 7 जुलाई से 5 अगस्त 2026 तक चला. इसमें बैरगनिया समवाय के वाइब्रेंट ग्राम बखरी और लक्ष्मीपुर समवाय के ग्राम मसहा आलम की कुल 22 युवतियों एवं महिलाओं ने भाग लिया.
SSB News: स्वरोजगार के लिए दिया गया व्यावहारिक प्रशिक्षण
प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्र की महिलाओं को सिलाई का व्यावहारिक कौशल प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना तथा स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना था. प्रशिक्षण का संचालन रेनबो एजुकेशन एंड वेलफेयर ट्रस्ट, बगहा के सहयोग से कराया गया.
प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र और टूल किट का वितरण
समापन समारोह के दौरान प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने वाली सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र एवं सिलाई टूल किट प्रदान किए गए. अधिकारियों ने कहा कि इससे महिलाएं प्रशिक्षण में सीखे कौशल का उपयोग कर स्वयं का रोजगार शुरू कर सकेंगी.
सीमावर्ती क्षेत्रों की महिलाओं को मिलेगा लाभ
एसएसबी अधिकारियों ने बताया कि इस प्रकार के कौशल विकास कार्यक्रमों का उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्रों की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है. प्रशिक्षण के माध्यम से उन्हें आत्मनिर्भर बनने और परिवार की आय बढ़ाने का अवसर मिलेगा.
अधिकारियों की मौजूदगी में हुआ समापन
कार्यक्रम का समापन कार्यवाहक कमांडेंट विकास दीप सिंह के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ. इस अवसर पर डिप्टी कमांडेंट बिरजू रजक, असिस्टेंट कमांडेंट ओड़ेरा कारा काना, निरीक्षक (सामान्य) अविनाश कुमार सहित वाहिनी के अन्य अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे.
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