अरियरी और चेवाड़ा के जलस्तर पर जिला प्रशासन की विशेष नजर, शेखपुरा में खराब चापाकल ठीक करने के लिए 27 टीमें सक्रिय

Sheikhpura News: शेखपुरा के जिलाधिकारी शेखर आनंद ने मंगलवार को प्रेस वार्ता कर लोगों से पानी की बर्बादी न करने की अपील की है. जिले में पीएचईडी विभाग के माध्यम से 692 पेयजल योजनाएं और 9,754 चापाकल वर्तमान में चालू हैं. खराब चापाकलों को ठीक करने के लिए सभी प्रखंडों में 27 टीमें मुस्तैद हैं, जिन्होंने पिछले महीने 584 चापाकल ठीक किए. डीएम ने पेयजल संबंधी किसी भी शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर 18100 231122, लैंडलाइन 06341 223262 और सहयोग पोर्टल पर संपर्क करने को कहा है, जहां 24 से 72 घंटे में समस्या दूर की जाएगी. भूगर्भ जलस्तर नीचे होने के कारण अरियरी और चेवाड़ा प्रखंड पर प्रशासन विशेष नजर रख रहा है.

Sheikhpura News (निरंजन कुमार): शेखपुरा जिले में जारी भीषण गर्मी और लगातार गिरते भूगर्भ जलस्तर के बीच जिला प्रशासन पेय जल संकट से निपटने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है. मंगलवार को जिलाधिकारी (DM) शेखर आनंद ने समाहरणालय में पत्रकारों के साथ विशेष वार्ता की. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) के सहयोग से जिले में चलाए जा रहे विभिन्न राहत और विकास कार्यों की विस्तारपूर्वक जानकारी साझा की. इस दौरान डीएम ने जिले के तमाम नागरिकों से इस संकट के समय में पानी की बर्बादी नहीं करने की पुरजोर अपील की. उन्होंने कहा कि पानी अमूल्य है, इसे सहेज कर इस्तेमाल करें.

पेयजल की समस्या का 24 से 72 घंटे में होगा समाधान

जिलाधिकारी शेखर आनंद ने आम जनता को आश्वस्त करते हुए कहा कि यदि किसी भी गांव, टोले या वार्ड में पेयजल आपूर्ति की समस्या है अथवा चापाकल खराब पड़ा है, तो लोग इसकी शिकायत सीधे सरकार के आधिकारिक ‘सहयोग पोर्टल’ पर दर्ज करा सकते हैं. इसके अलावा पीएचईडी विभाग के विशेष टोल-फ्री नंबर पर भी शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई है. उन्होंने बताया कि शिकायत दर्ज होने के महज 24 घंटे से लेकर 72 घंटे के भीतर तकनीकी टीम मौके पर पहुंचकर समस्या को पूरी तरह दुरुस्त कर देगी. वर्तमान में लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के समन्वय से पूरे जिले में 692 पेयजल आपूर्ति योजनाएं सुचारू रूप से संचालित की जा रही हैं, जिनके माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जलापूर्ति सुनिश्चित की जा रही है. इन योजनाओं की चौबीसों घंटे निगरानी और पाइपलाइनों की मरम्मती के लिए कुल 32 विशेष टीमें लगातार फील्ड में कार्यरत हैं.

जिले में 11,234 में से 9,754 चापाकल चालू, मरम्मत के लिए 27 टीमें सक्रिय

डीएम ने जिले में स्थापित चापाकल के विस्तृत आंकड़े जारी करते हुए बताया कि शेखपुरा के विभिन्न क्षेत्रों में दो अलग-अलग श्रेणियों (वर्गों) के कुल 11,234 चापाकल उपलब्ध हैं. इनमें से वर्तमान में 9,754 चापाकल पूरी तरह चालू हालत में हैं और लोगों को पानी दे रहे हैं. शेष सभी खराब या बंद पड़े चापाकलों को अविलंब दुरुस्त करने के लिए जिले के सभी प्रखंडों में कुल 27 तकनीकी टीमें पूरी सक्रियता के साथ काम कर रही हैं.

जिलाधिकारी ने बताया कि पिछले महीने (मई) में इन टीमों द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए जिले के विभिन्न हिस्सों में 584 खराब चापाकलों को रिकॉर्ड समय में ठीक कर दोबारा चालू किया गया, जिससे स्थानीय आबादी को बड़ी राहत मिली है.

इन टोल-फ्री और लैंडलाइन नंबरों पर तुरंत दर्ज कराएं अपनी शिकायत

जिलाधिकारी ने आम लोगों की सहूलियत के लिए विशेष फोन नंबर जारी किए हैं. उन्होंने कहा कि चापाकल खराब होने या जल संकट की स्थिति में लोग इन नंबरों पर बेझिझक कॉल कर अपनी शिकायत नोट करा सकते हैं:

  • टोल-फ्री नंबर: 18100 231122
  • कंट्रोल रूम (लैंडलाइन): 06341 223262
  • इसके साथ ही सरकार के डिजिटल ‘सहयोग पोर्टल’ का भी उपयोग किया जा सकता है.

अरियरी और चेवाड़ा प्रखंड की भौगोलिक स्थिति चिंताजनक, प्रशासन की पैनी नजर

प्रेस वार्ता के अंत में जिलाधिकारी ने स्वीकार किया कि जिले के अरियरी और चेवाड़ा प्रखंड की भौगोलिक बनावट (Terrain) अन्य क्षेत्रों की तुलना में काफी भिन्न और पथरीली है. इन दोनों प्रखंडों में भूगर्भ जलस्तर (Water Table) काफी नीचे चला गया है, जिसके कारण स्थानीय आबादी को गर्मियों में पेयजल की गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है. डीएम ने कहा कि इन दोनों प्रभावित प्रखंडों की स्थिति पर जिला प्रशासन की चौबीसों घंटे पैनी नजर है. वहां के जल संकट को दूर करने के लिए टैंकरों और विशेष योजनाओं के माध्यम से हरसंभव प्रशासनिक प्रयास किए जा रहे हैं ताकि किसी भी नागरिक को पानी की किल्लत न हो.

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Published by: Aditya Kumar Ravi

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