Notary Affidavit Validity Bihar : नोटरी द्वारा पंजीकृत किए गए शपथ पत्र को लेकर अधिकारियों को अब आनाकानी करने के अवसर नहीं मिलेंगे. अंचल कार्यालय में जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, वंशावली प्रमाण पत्र इत्यादि बनाने के लिए नोटरी द्वारा निष्पादित शपथ पत्र को मान्य दस्तावेज के रूप में स्वीकार करना होगा.
हालांकि मुख्य सचिव के 2012 के दिशा-निर्देशों के आलोक के बावजूद सरकारी कार्यालय में नोटरी द्वारा संपादित शपथ पत्र को मान्यता नहीं दी जाती थी. इसके लिए लोगों को कार्यपालक दंडाधिकारी के समक्ष उपस्थित होकर शपथ पत्र पंजिकृत करने की सलाह दी जाती थी. उसे ही वैध कागजात माना जाता था.
राष्ट्रपति सचिवालय से शिकायत और नया निर्देश
इस संबंध में आधिकारिक सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार आरा भोजपुर के अधिवक्ता प्रमोद कुमार राय ने इस संबंध में राष्ट्रपति से शिकायत की थी. राष्ट्रपति सचिवालय से प्राप्त आदेश के बाद बिहार सरकार के संयुक्त सचिव नीतीश कुमार ने योजना एवं विकास विभाग के सचिव को पत्र लिखकर नोटरी द्वारा पंजीकृत शपथ पत्र को विधि सम्मत बताते हुए उसे हर हाल में मान्यता देने को कहा है.
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सिविल अधिकारियों के लिए शपथ पत्र को मान्यता देना बाध्यकारी
पत्र में बताया गया कि नोटरी के समक्ष लिए गए शपथ को मान्यता प्रदान करना सभी सिविल अधिकारियों के लिए बाध्यकारी है. नोटरी के समक्ष पंजीकृत किए गए शपथ पत्र को कोई भी अधिकारी अब लेने से इनकार नहीं कर सकते.
प्रमाण पत्र बनवाने वाले आम लोगों को मिलेगी राहत
इस नए निर्देश के लागू होने से अब आम लोगों को जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र और वंशावली जैसे जरूरी कागजात बनवाने में आ रही कठिनाइयों से बड़ी राहत मिलेगी तथा कार्यालयों में अनावश्यक चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे
