Sheikhpura Mahadalit Tola : शेखपुरा समाहरणालय के मंथन सभागार में डीएम शेखर आनंद ने जिलेभर के विकास मित्रों के साथ समीक्षा सह संवाद बैठक की. बैठक में महादलित टोलों तक सरकारी योजनाओं की पहुंच, बच्चों की शिक्षा, जरूरी दस्तावेज, राशन कार्ड, भूमिहीन परिवारों को पर्चा और आवास निर्माण जैसे मुद्दों की समीक्षा हुई. डीएम ने काम में पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर कई सख्त निर्देश दिए.
महादलित टोलों की होगी सटीक मैपिंग
दरअसल, शेखपुरा में महादलित टोलों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन ने विकास मित्रों की जिम्मेदारी तय की है. समाहरणालय के मंथन सभागार में हुई बैठक में डीएम शेखर आनंद ने सभी विकास मित्रों को अपने-अपने क्षेत्र में महादलित टोलों की सटीक मैपिंग कराने का निर्देश दिया.
हर पात्र परिवार तक पहुंचे सरकारी योजनाओं का लाभ
डीएम ने कहा कि मैपिंग के बाद यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पात्र परिवार सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे. उन्होंने प्राथमिकता वाले कार्यों पर तत्काल अमल करने को कहा और विकास मित्रों को अपने क्षेत्रों में सक्रियता से काम करने का निर्देश दिया.
बच्चों को स्कूल से जोड़ने पर जोर
बैठक में महादलित परिवारों के बच्चों की शिक्षा पर भी विशेष जोर दिया गया. डीएम ने विकास मित्रों को निर्देश दिया कि ऐसे परिवारों के बच्चों को अनिवार्य रूप से स्कूलों से जोड़ा जाए. बच्चों की पढ़ाई को लेकर जमीनी स्तर पर लगातार निगरानी रखने को भी कहा गया.
जन्म प्रमाण पत्र से ई-श्रम कार्ड तक बनेगा दस्तावेज
महादलित टोलों के पात्र बच्चों और परिवारों के जरूरी दस्तावेज समयबद्ध तरीके से बनवाने का निर्देश दिया गया. इसमें जन्म प्रमाण पत्र, पहचान पत्र और ई-श्रम कार्ड शामिल हैं. डीएम ने सभी पात्र लाभुकों को राशन कार्ड से जोड़ने की भी बात कही.
भूमिहीन परिवारों को पर्चा और आवास पर फोकस
बैठक में योग्य भूमिहीन परिवारों को जमीन का पर्चा दिलाने और आवास निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए. विकास मित्रों को अपने क्षेत्र में पात्र परिवारों की पहचान कर संबंधित विभागों के साथ समन्वय करने को कहा गया.
ईंट भट्ठों पर काम करने वाले परिवारों के बच्चों की होगी निगरानी
ईंट भट्ठों पर काम करने वाले परिवारों के बच्चों की शिक्षा का मुद्दा भी बैठक में उठा. डीएम ने कहा कि इन बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए चलाया जा रहा विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा. बच्चों को स्कूल से जोड़ने के लिए जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए.
टोला सेवकों को नियमित पढ़ाने का निर्देश
डीएम ने टोला सेवकों को महादलित टोलों में नियमित रूप से जाकर बच्चों को पढ़ाने का सख्त निर्देश दिया. इसका उद्देश्य ऐसे इलाकों में बच्चों की पढ़ाई से जुड़ी गतिविधियों को लगातार बनाए रखना है.
विकास मित्रों के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य
जिला प्रशासन ने कार्यसंस्कृति में सुधार के लिए सभी विकास मित्रों की बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य कर दी है. डीएम ने कहा कि हाजिरी दर्ज करने में लापरवाही या काम में कोताही मिलने पर संबंधित कर्मी के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी.
प्रमाण पत्र के लिए तय शुल्क से अधिक वसूली पर कार्रवाई
बैठक में सरकारी प्रमाण पत्र बनवाने के नाम पर निर्धारित शुल्क से अधिक राशि लेने को लेकर भी सख्त निर्देश दिए गए. डीएम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ शून्य सहनशीलता की नीति दोहराते हुए कहा कि प्रमाण पत्र के लिए केवल शासन द्वारा निर्धारित आधिकारिक शुल्क ही लिया जाए.
अधिक राशि वसूलने की शिकायत पर होगी कार्रवाई
डीएम ने स्पष्ट किया कि यदि किसी स्तर पर निर्धारित दर से अधिक राशि वसूलने की शिकायत मिलती है तो संबंधित दोषी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन ने विकास मित्रों के काम में पारदर्शिता बनाए रखने पर जोर दिया.
संत रविदास शिविर में अधिकारियों की मौजूदगी जरूरी
डीएम ने 'संत रविदास शिविर' के आयोजन को लेकर भी निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि शिविर के दौरान संबंधित प्रशासनिक और विभागीय अधिकारियों की भौतिक उपस्थिति अनिवार्य रहेगी. विकास मित्रों द्वारा धरातल पर किए जा रहे कार्यों की नियमित समीक्षा की जाएगी.
प्रखंड और जिला स्तर पर होगी निगरानी
विकास मित्रों के काम की समीक्षा संबंधित प्रखंड और जिलास्तरीय अधिकारी नियमित आधार पर करेंगे. बैठक में जिला कल्याण पदाधिकारी, संबंधित प्रखंड कल्याण पदाधिकारी, प्रखंड समन्वयक, विकास मित्र और शिक्षा मित्र मौजूद रहे.
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