शेखपुरा : लोक सेवा की कार्य संस्कृति में सुधार लाने के लिए डीएम ने बुधवार को प्रखंड कार्यालयों का निरीक्षण किया. वे 10:02 बजे सुबह शेखपुरा प्रखंड कार्यालय पहुंचे. इस समय प्रखंड मुख्यालय के अधिकतर कार्यालयों में ताले लगे थे. इस दौरान बीडीओ, सीओ समेत 47 लोग अनुपस्थित पाये गये. डीएम ने सभी अनुपस्थित अधिकारी एवं कर्मियों के एक दिन का वेतन काटने का आदेश जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा है. इस दौरान डीएम ने प्रखंड कार्यालय के लेखा पंजी संधारण में भी अधिकारी एवं कर्मियों की लापरवाही पकड़ायी.
बुधवार की सुबह जैसे ही डीएम योगेंद्र सिंह प्रखंड कार्यालय पहुंचे वैसे ही वहां अफरा-तफरी मच गयी. मौके पर डीडीसी निरंजन कुमार झा, कोषागार अधिकारी शशिकांत आर्य समेत अन्य मौजूद थे. निरीक्षण के दौरान पाया गया कि अपना काम कराने के लिए दूर-दराज से लोग आये हुए थे. लेकिन, अधिकारी व कर्मचारी गायब थे. सूत्रों के अनुसार, प्रखंड मुख्यालय में बीडीओ मुरली मनोहर मधुप के अलावा कर्मी गजनफर अली, अबू शर्मा, मानव गुप्ता व पुनम कुमारी अनुपस्थित थे. इसके साथ ही प्रखंड मुख्यालय के आरटीपीएस काउंटर पर जाति आवासीय आवेदन जमा करने पहुंचे अभ्यर्थी बड़ी तादाद में मौजूद थे.
लेकिन, आरटीपीएस के एकमात्र कार्यपालक सहायक को छोड़कर अन्य सभी अनुपस्थित थे. वहीं, बाल विकास परियोजना कार्यालय में सीडीपीओ समेत सभी महिला पर्यवेक्षक के अलावा लिपिक अवधेश कुमार अनुपस्थित पाये गये. इसके साथ ही अंचल कार्यालय में अंचल अधिकारी उपस्थित थे. लेकिन लिपिक संजय कुमार, त्रिभुवन कुमार एवं छोटे लाल समेत अन्य गायब थे.
