Rohtas News : शहर के धनगाई रोड स्थित प्राचीन संकट मोचन हनुमान मंदिर को नया और आकर्षक स्वरूप देने की तैयारी शुरू हो गयी है. मंदिर परिसर के सौंदर्यीकरण, श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार और लंबे समय से लंबित विकास कार्यों को पूरा कराने को लेकर मंदिर कमिटी की बैठक हुई. बैठक में मंदिर के विकास का खाका तैयार करने के साथ परिसर के अंदर और बाहर हुए अवैध कब्जे को हटाने का निर्णय लिया गया. इसको लेकर कमिटी की ओर से जल्द ही अनुमंडल पदाधिकारी को लिखित आवेदन दिया जाएगा.
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए होंगे कई विकास कार्य
नगर परिषद के वार्ड संख्या 11 स्थित मंदिर परिसर में आयोजित बैठक में महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग शौचालय, पेयजल, जल निकासी, प्रांगण का पक्कीकरण, सीसीटीवी कैमरे, पुजारी कक्ष और हाईमास्ट लाइट लगाने समेत कई कार्यों पर चर्चा हुई. सदस्यों ने कहा कि मंदिर की धार्मिक महत्ता को देखते हुए यहां आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलनी चाहिए. मंदिर परिसर को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाने पर भी विशेष जोर दिया गया.
जर्जर भवन का होगा पुनर्निर्माण
बैठक में मंदिर के पुराने और जर्जर भवन के पुनर्निर्माण का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया. कमिटी सदस्यों ने निर्माण कार्य में स्वयं सहयोग करने के साथ आम लोगों से भी सहयोग लेने का निर्णय लिया. सदस्यों का कहना है कि सामूहिक प्रयास से मंदिर के पुनर्निर्माण और सौंदर्यीकरण का काम जल्द पूरा किया जा सकता है.
पटना के संकट मोचन मंदिर ट्रस्ट से जोड़ने की कवायद
मंदिर के विकास को व्यापक स्वरूप देने के लिए इसे पटना स्थित प्राचीन संकट मोचन हनुमान मंदिर ट्रस्ट से जोड़ने की कवायद भी शुरू की गयी है. इसके लिए एक संगठित कमिटी का गठन किया गया है और इसकी प्रारूप सूची ट्रस्ट को सौंप दी गयी है. कमिटी में अध्यक्ष दिवाकर कुमार द्विवेदी, सचिव विद्यासागर चौधरी, कोषाध्यक्ष अखिलेश कुमार सिंह, उपाध्यक्ष विजय चौधरी और मीडिया प्रभारी रवि प्रकाश को बनाया गया है.
बिक्रमगंज की पहचान बनाने का लिया संकल्प
कमिटी अध्यक्ष दिवाकर कुमार द्विवेदी ने कहा कि संकट मोचन हनुमान मंदिर केवल धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि बिक्रमगंज की पहचान से जुड़ा प्राचीन स्थल है. सामूहिक प्रयास से मंदिर का विकास कर इसे आने वाले समय में बिक्रमगंज सहित पूरे रोहतास जिले के प्रमुख दर्शनीय स्थलों में शामिल कराने का संकल्प लिया गया है. बैठक में कमिटी के सदस्यों ने मंदिर के विकास कार्यों को प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाने पर सहमति जतायी.
