Sasaram Urs Sharif : सासाराम में हजरत शाह जलाल पीर रहमतुल्लाह अलैह का 351वां उर्स शरीफ पूरी श्रद्धा और अकीदत के साथ संपन्न हो गया. दो दिनों तक चले इस धार्मिक आयोजन में रोहतास जिले के साथ-साथ आसपास के जिलों और अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में अकीदतमंद दरगाह पहुंचे. पूरे आयोजन के दौरान दरगाह परिसर में आध्यात्मिक माहौल बना रहा और हर तरफ इबादत और सूफियाना रंग देखने को मिला.
उर्स के मौके पर कई धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसमें गुसल पाक, नात खानी, चादरपोशी, फातिहा खानी और कव्वाली प्रमुख रहे. कार्यक्रम की शुरुआत मंगलवार को गुसल पाक और नात खानी से हुई. इस दौरान बड़ी संख्या में अकीदतमंद मौजूद रहे और उन्होंने पूरे मन से इन रस्मों में भाग लिया.
चादरपोशी और फातिहा खानी में उमड़ी भीड़
बुधवार को उर्स के दूसरे दिन चादरपोशी और फातिहा खानी की रस्म अदा की गई. दूर-दराज से पहुंचे लोगों ने दरगाह पर चादर चढ़ाई और अपने परिवार, समाज और देश में अमन-चैन के लिए दुआ मांगी. दरगाह परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ देर तक बनी रही और हर कोई अपनी मुरादों के साथ यहां पहुंचा था.
अकीदतमंदों का कहना था कि यहां आने से दिल को सुकून मिलता है और दुआएं कबूल होती हैं. इसी वजह से हर साल उर्स के मौके पर यहां बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं.
Sasaram News : कव्वाली की महफिल में बंधा समा
उर्स शरीफ के अवसर पर आयोजित कव्वाली कार्यक्रम ने पूरे माहौल को और भी खास बना दिया. देर रात तक चली इस महफिल में कव्वालों ने सूफियाना कलाम पेश किए, जिसे सुनकर अकीदतमंद झूम उठे. हर प्रस्तुति पर लोगों ने तालियां बजाकर कलाकारों का हौसला बढ़ाया.
कव्वाली के दौरान दरगाह परिसर में भक्ति और सूफी रंग का अद्भुत संगम देखने को मिला. लोग पूरी तन्मयता के साथ कार्यक्रम का आनंद लेते रहे.
आयोजन में कई लोगों की रही अहम भूमिका
दरगाह कमेटी के अनुसार उर्स को सफल बनाने में कई लोगों का योगदान रहा. आयोजन की व्यवस्था संभालने में शाहिद कुरैशी, मन्नू खान, शकील, शमशाद कुरैशी, छोटू खान, आफताब खान, अफरोज खान, शाहरुख खान, बुटाई, बबलू, सोनू खान, हसनैन खान और पिंटू खान समेत अन्य लोगों ने सक्रिय भूमिका निभाई.
पूरे आयोजन के दौरान व्यवस्था को लेकर कमेटी सतर्क रही और श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो, इसका खास ध्यान रखा गया.
इस तरह हजरत शाह जलाल पीर रहमतुल्लाह अलैह का 351वां उर्स शरीफ शांति और सौहार्द के संदेश के साथ संपन्न हुआ. लोगों ने यहां से अमन और भाईचारे का पैगाम लेकर लौटे, वहीं प्रशासन और कमेटी की ओर से अगले साल और बेहतर आयोजन की तैयारी की बात कही गई.
