Sasaram News : रोहतास जिले में सरकारी राशि से निर्मित कई विद्यालय भवन वर्षों से बनकर तैयार हैं, लेकिन इनका उपयोग अब तक शुरू नहीं हो सका है. इससे सरकारी राशि के अपेक्षित उपयोग पर सवाल उठ रहे हैं. शिक्षा विभाग के स्तर पर नवनिर्मित भवनों में विद्यालय संचालन शुरू नहीं होने से कई भवन धीरे-धीरे जर्जर होने लगे हैं.
खनेफी में एक साल से तैयार है उत्क्रमित उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का भवन
प्रखंड के खनेफी गांव स्थित उत्क्रमित उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के लिए भवन पिछले एक वर्ष से बनकर तैयार है. इसके बावजूद नवनिर्मित भवन में अब तक पढ़ाई शुरू नहीं हो सकी है. इसी तरह बुनियादी विद्यालय सावनबहार, मध्य विद्यालय बसडीहा और प्राथमिक विद्यालय शुक्लपुरा के नवनिर्मित भवनों का भी मामला सामने आया है. इन विद्यालयों के पुराने भवन जर्जर हो चुके हैं और स्कूलों को नये भवनों में स्थानांतरित किया जाना है.
नये भवनों का उपयोग नहीं होने से असामाजिक तत्वों का जमावड़ा
स्थानीय लोगों का कहना है कि विभागीय उदासीनता के कारण अब तक इन विद्यालयों को नवनिर्मित भवनों में स्थानांतरित नहीं किया जा सका है. उपयोग के अभाव में भवन धीरे-धीरे खंडहर में तब्दील होने लगे हैं. स्थानीय लोगों के अनुसार, खाली पड़े इन भवनों में असामाजिक तत्वों का जमावड़ा भी होने लगा है.
भवन गांव में, फिर भी बच्चों को जाना पड़ रहा है दूर
नवनिर्मित विद्यालय भवन बनने से स्थानीय लोग खुश हैं, लेकिन उनका कहना है कि भवन तैयार होने के बावजूद बच्चों को पढ़ाई के लिए दूर जाना पड़ रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय भवन में जल्द पढ़ाई शुरू होने से बच्चों को काफी सुविधा मिलेगी और उन्हें दूसरे गांवों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी. स्थानीय निवासियों के अनुसार, बच्चों को कई किलोमीटर दूर पढ़ने के लिए जाना पड़ता है, जिससे लंबी दूरी तय करने के दौरान उनके लिए खतरा भी बना रहता है.
Also Read : बड़हरी में उच्च शिक्षण संस्थान खोलने की मांग, मुख्यमंत्री को पत्र भेजे दो साल बीते
शुक्लपुरा के बच्चों को चार किलोमीटर पैदल जाना पड़ता है
सबसे अधिक परेशानी शुक्लपुरा प्राथमिक विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों को हो रही है. ग्रामीणों के अनुसार, गांव में विद्यालय का नवनिर्मित भवन तैयार होने के बावजूद बच्चों को पढ़ाई के लिए चार किलोमीटर पैदल चलकर मध्य विद्यालय भलुआडी जाना पड़ता है. ग्रामीणों ने नये भवन में जल्द से जल्द विद्यालय का संचालन शुरू कराने की मांग की है.
बीईओ ने बतायी अलग-अलग वजहें
इस संबंध में प्रभारी बीईओ ने बताया कि बुनियादी विद्यालय सावनबहार में मानक से कम छात्र हैं. उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के नवनिर्मित भवन में जाने के लिए रास्ते की कमी और संसाधनों के अभाव में पढ़ाई शुरू नहीं की जा सकी है. उन्होंने बताया कि प्राथमिक विद्यालय बसडीहा को नवनिर्मित भवन में शिफ्ट कर दिया गया है. प्राथमिक विद्यालय शुक्लपुरा को भी जल्द ही नवनिर्मित भवन में शिफ्ट कर दिया जायेगा.
Also Read : दुर्गावती बांध प्रमंडल कार्यालय में श्रद्धा और उत्साह से हुई भगवान विश्वकर्मा की पूजा
