Rohtas News : चेनारी प्रखंड क्षेत्र में लगातार दो दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नदियों, नहरों और पहाड़ी झरनों का जलस्तर बढ़ गया है. कैमूर पहाड़ी क्षेत्र में कई स्थानों पर जलस्रोतों का बहाव भी तेज हो गया है. वहीं, दुर्गावती डैम से पानी छोड़े जाने के बाद निचले इलाकों में प्रशासन की सतर्कता और बढ़ गयी है. संभावित हादसों को रोकने के लिए प्रखंड प्रशासन की ओर से ध्वनि यंत्र के माध्यम से लगातार लोगों को जागरूक किया जा रहा है.
बच्चों और युवाओं को जलस्रोतों से दूर रखने की अपील
अंचलाधिकारी पुरुषोत्तम कुमार ने बताया कि लगातार बारिश को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग के निर्देश पर चेनारी प्रखंड क्षेत्र में ध्वनि यंत्र के माध्यम से लोगों को सावधान किया जा रहा है. प्रचार के जरिए लोगों से नदी, नहर, झरने और अन्य तेज बहाव वाले जलस्रोतों में नहीं जाने की अपील की जा रही है. खासकर बच्चों और युवाओं को जलस्रोतों से दूर रखने के लिए अभिभावकों से विशेष आग्रह किया जा रहा है.
फोटो और सेल्फी के चक्कर में जोखिम न उठाने की सलाह
प्रशासन की ओर से लोगों को बताया जा रहा है कि बारिश के दौरान नदी, नहर और पहाड़ी झरनों का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है. तेज बहाव वाले पानी के किनारे खड़े होकर फोटो या सेल्फी लेने से बचें. बच्चों को जलस्रोतों के आसपास अकेले नहीं जाने दें. इसके अलावा पुल-पुलिया और निचले इलाकों से गुजरते समय भी विशेष सावधानी बरतने की अपील की गयी है.
दुर्गावती डैम से पानी छोड़े जाने के बाद बढ़ी निगरानी
लगातार बारिश के कारण दुर्गावती डैम में पानी की आवक बढ़ने के बाद बीती रात डैम से पानी छोड़ा गया. इसके बाद प्रशासन ने निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. कैमूर पहाड़ी क्षेत्र में बारिश के कारण कई जगह झरनों और पहाड़ी नालों में पानी का बहाव तेज हो गया है. ऐसे में लोगों से मौसम सामान्य होने और जलस्तर कम होने तक इन स्थानों पर जाने से पूरी तरह परहेज करने को कहा गया है.
अचानक बदल सकता है जलस्तर और पानी का बहाव
अंचल प्रशासन के अनुसार बारिश के दौरान जलस्रोतों में पानी का स्तर और बहाव अचानक बदल सकता है. पहाड़ी क्षेत्रों में ऊपर हुई बारिश का पानी कुछ समय बाद निचले इलाकों में पहुंचने से स्थिति तेजी से बदल सकती है. ऐसे में नदी, नहर और झरनों के आसपास जाना जानलेवा साबित हो सकता है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह का जोखिम न उठाएं और चेतावनी का पालन करें.
लगातार स्थिति पर नजर रख रहा प्रशासन
प्रखंड प्रशासन और आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारी क्षेत्र की स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं. ध्वनि यंत्र के माध्यम से ग्रामीणों को जागरूक करने का अभियान जारी है. प्रशासन का कहना है कि बारिश के दौरान सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है. लोगों से अपील की गयी है कि वे स्वयं सुरक्षित रहें और बच्चों को भी तेज बहाव वाले जलस्रोतों के पास जाने से रोकें.
