Sasaram News : बिहार के सरकारी विद्या निकेतन यानी आदर्श स्कूलों में कक्षा 9वीं से 12वीं तक पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को अब विशिष्ट यूनिफॉर्म उपलब्ध करायी जाएगी. इसके लिए शिक्षा विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है. माध्यमिक शिक्षा निदेशालय ने जीविका को छात्र-छात्राओं की मापी और आकार का आकलन कराने में सहयोग करने का निर्देश दिया है. माध्यमिक शिक्षा निदेशक नितिन कुमार सिंह ने मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी, जीविका, पटना को पत्र भेजकर आदर्श स्कूलों के लिए विभाग का स्टैंडर्ड साइज चार्ट उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है.
यूनिफॉर्म के लिए जुटायी जा रही विद्यार्थियों की मापी
विभाग के अनुसार विशिष्ट यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने के लिए छात्र-छात्राओं की संख्या, माप, आकार और सामग्री से जुड़े तकनीकी विवरण की आवश्यकता है. इसी के तहत आदर्श स्कूलों में नामांकित कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों की मापी करायी जाएगी, ताकि उनके आकार के अनुरूप निर्धारित मानक के अनुसार यूनिफॉर्म तैयार करायी जा सके.
8 से 12 सितंबर तक होगी मापी
निर्देश के अनुसार छात्र-छात्राओं की मापी का कार्य 8 सितंबर से 12 सितंबर तक कराया जाएगा. इसके लिए प्रतिदिन सुबह 10 बजे से समय निर्धारित किया गया है. मापी के दौरान विद्यार्थियों के आकार का आकलन किया जाएगा. इसके आधार पर उनके लिए निर्धारित मानक के अनुरूप विशिष्ट यूनिफॉर्म तैयार कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी.
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जीविका के अधिकारी करेंगे सहयोग
शिक्षा विभाग ने जीविका से संबंधित डीपीएम और बीपीएम को मापी कार्य में सहयोग करने के लिए निर्देशित करने का अनुरोध किया है. वहीं, संबंधित जिले के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, माध्यमिक शिक्षा और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को भी मापी के दौरान उपस्थित रहने को कहा गया है. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को पत्र की प्रतिलिपि भेजकर आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया गया है.
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मापी के बाद यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने की प्रक्रिया होगी शुरू
शिक्षा विभाग की इस पहल से आदर्श स्कूलों के छात्र-छात्राओं को एक समान और निर्धारित स्वरूप की पोशाक मिलने की उम्मीद है. मापी और आकार का आकलन पूरा होने के बाद विशिष्ट यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ायी जाएगी. इससे आदर्श स्कूलों के विद्यार्थियों के लिए यूनिफॉर्म का स्वरूप एकरूप रखने में मदद मिलेगी.
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