Saran News : छपरा शहर में जाम की समस्या से लोगों को राहत नहीं मिल रही है. दारोगा राय चौक से श्याम चक के बीच सुबह 10 बजे से शाम सात बजे तक लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है. इससे इस महत्वपूर्ण रूट पर आवागमन बाधित हो रहा है. रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, सदर अस्पताल समेत शहर के कई प्रमुख स्थानों तक पहुंचने के लिए लोगों को जाम से जूझना पड़ रहा है.
रेलवे स्टेशन और अस्पताल जाने का प्रमुख रास्ता
दारोगा राय चौक से श्याम चक तक का रास्ता शहर के सबसे व्यस्त मार्गों में शामिल है. इसी रास्ते से लोग छपरा रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पहुंचते हैं. वहीं दारोगा राय चौक से कुछ ही दूरी पर छपरा सदर अस्पताल भी स्थित है. इस कारण दिनभर इस मार्ग पर छोटे-बड़े वाहनों का दबाव बना रहता है.
कई चौक और मोड़ पर बन रही महाजाम की स्थिति
भरत मिलाप चौक मोड़, भगवान बाजार मोड़, काशी बाजार चौक और भगवान बाजार थाना रोड मोड़ समेत कई स्थानों पर बार-बार जाम लग रहा है. इन जगहों पर वाहनों की रफ्तार थमते ही कुछ ही देर में लंबी कतार लग जाती है. इसके बाद जाम का असर पूरे रूट पर दिखाई देने लगता है.
वैकल्पिक रास्तों का सहारा ले रहे लोग
शहर के पूर्वी इलाके से रेलवे स्टेशन जाने वाले कई लोग दारोगा राय चौक पहुंचने के बाद जाम से बचने के लिए वैकल्पिक रास्ते तलाशते हैं. वहीं श्याम चक की ओर से भगवान बाजार होते हुए सदर अस्पताल जाने वाले लोगों को भी कई बार लंबे समय तक जाम में फंसे रहना पड़ता है.
एंबुलेंस को भी गलियों से गुजरने की मजबूरी
जाम की स्थिति का असर अस्पताल जाने वाले मरीजों पर भी पड़ रहा है. गंभीर मरीजों को लेकर आने वाली एंबुलेंस को कई बार मुख्य सड़क पर जाम मिलने के बाद आसपास की गली-मुहल्ले की सड़कों का सहारा लेना पड़ता है. इससे मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में अतिरिक्त समय लगने की स्थिति बनती है.
बीच सड़क पर वाहन लगाकर सवारी उठाते हैं चालक
इस रूट पर जाम की एक बड़ी वजह बीच सड़क पर वाहनों को खड़ा कर सवारी उठाना भी है. भगवान बाजार चौक, दारोगा राय चौक, काशी बाजार चौक और श्याम चक मोड़ के आसपास बस, ऑटो और ई-रिक्शा चालक सड़क पर ही वाहन खड़े कर सवारी का इंतजार करते हैं.
ट्रैफिक पुलिस की तैनाती के बावजूद नहीं सुधरी स्थिति
दारोगा राय चौक और भगवान बाजार चौक समेत कई स्थानों पर ट्रैफिक पुलिस कर्मियों की तैनाती की गयी है. इसके बावजूद सवारी उठाने के लिए सड़क पर बेतरतीब तरीके से वाहन खड़े करने का सिलसिला जारी है. इससे दूसरे वाहनों के निकलने की जगह कम हो जाती है और धीरे-धीरे जाम पूरे मार्ग में फैल जाता है.
