छपरा. सदर अस्पताल में बारिश के मौसम या सामान्य दिनों में जलजमाव की समस्या अब नहीं होगी. डीएम अमन समीर के निर्देश पर अस्पताल परिसर में 15 वर्षों बाद नाले के निर्माण का कार्य शुरू किया गया है. ब्लड बैंक, ओपीडी और अन्य महत्वपूर्ण विभागों के पास नये नाले बनाये जा रहे हैं, ताकि जलनिकासी की व्यवस्था बेहतर हो सके.
पिछले निरीक्षण के दौरान डीएम ने अस्पताल परिसर में जलजमाव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए सिविल सर्जन को तत्काल आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिये थे. इसके बाद अस्पताल के अंदर बंद पड़े नालों को खोलने और नये नाले बनाने का काम शुरू किया गया. साथ ही नगर निगम भी अस्पताल के आसपास के बाहरी नालों को दुरुस्त करने में जुटा हुआ है, ताकि जलनिकासी प्रभावी तरीके से हो सके.पुराने भवनों को गिराकर बनाये जायेंगे नये भवन
अस्पताल प्रबंधन की ओर से पुराने जर्जर भवनों का सर्वे किया गया है. अस्पताल प्रबंधक राजेश्वर प्रसाद ने बताया कि डीएम के निर्देशानुसार पुराने भवनों को गिराकर नये अत्याधुनिक भवनों का निर्माण किया जायेगा, जिससे मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं भविष्य में मिल सकेंगी.लंबे इंतजार के बाद हो रहा स्थायी समाधान
करीब 15 वर्षों बाद अस्पताल में जलनिकासी की व्यवस्था को सुधारने के लिए नाले बनाये जा रहे हैं. छोटे-छोटे नालों को मुख्य नालों से जोड़ा जा रहा है, ताकि अस्पताल के अंदर जलजमाव की समस्या न हो. प्रशासन और नगर निगम की सक्रियता से उम्मीद की जा रही है कि आने वाले वर्षों में मरीजों और अस्पताल कर्मियों को जलजमाव की परेशानी से मुक्ति मिलेगी और भविष्य में मरीजों को और भी बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी.
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