Bihar Flood:सारण जिले के दिघवारा प्रखंड में शनिवार की अहले सुबह माही नदी का बांध टूटने से बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गयी है. त्रिलोकचक पंचायत के केसरपुर गांव के समीप करीब 30 फीट की दूरी में बांध टूटने के बाद पानी तेजी से आसपास के इलाकों में फैलने लगा. अचानक पानी का बहाव बढ़ने से ग्रामीणों में अफरातफरी मच गयी. लोग अपने घरों से जरूरी सामान निकालकर सुरक्षित स्थानों की ओर जाते नजर आये.
बांध टूटने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला सक्रिय हो गया. सारण के डीएम वैभव श्रीवास्तव, सोनपुर एसडीओ स्निग्धा नेहा, सोनपुर डीएसपी समेत दिघवारा के बीडीओ प्रशांत कुमार, सीओ मिट्ठू प्रसाद और थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार सहित कई अधिकारी मौके पर पहुंचे. जल संसाधन विभाग के वरीय अधिकारी भी मौके पर कैंप कर रहे हैं. टूटे बांध की मरम्मत का काम शुरू करा दिया गया है.
चंद मिनटों में इश्मैला गांव के कई घरों में घुसा पानी
बांध के समीप बसे इश्मैला गांव की स्थिति सबसे अधिक प्रभावित बतायी जा रही है. ग्रामीणों के अनुसार बांध टूटने के बाद पानी इतनी तेजी से गांव की ओर आया कि लोगों को सामान सुरक्षित स्थान पर ले जाने तक का पर्याप्त समय नहीं मिला. कई घर पानी से प्रभावित हो गये हैं.
तेजी से बढ़ते पानी को देखते हुए ग्रामीणों में भय का माहौल है. स्थानीय लोगों का कहना है कि बड़ी मात्रा में घरेलू सामान और अन्य संपत्ति के प्रभावित होने की आशंका है.
त्रिलोकचक, कुरैया और बरुआ पंचायत पर भी असर
माही नदी का बांध टूटने से त्रिलोकचक पंचायत के अलावा कुरैया पंचायत और बरुआ पंचायत के कई इलाकों में भी बाढ़ का पानी पहुंचने लगा है. पानी के लगातार फैलाव के कारण प्रखंड की बड़ी आबादी के प्रभावित होने की आशंका जतायी जा रही है.
सुबह के साथ पानी का फैलाव और तेज होने लगा, जिससे आसपास के गांवों में भी चिंता बढ़ गयी. निचले इलाकों में रहने वाले ग्रामीण सुरक्षित स्थानों की ओर जाने लगे हैं.
डीएम समेत कई अधिकारी मौके पर कर रहे कैंप
घटना के बाद डीएम वैभव श्रीवास्तव सहित कई वरीय अधिकारी मौके पर कैंप कर रहे हैं. प्रशासन की ओर से टूटे बांध की मरम्मत के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है. जल संसाधन विभाग की टीम भी मौके पर मौजूद है और पानी के बहाव को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक कार्रवाई में जुटी है.
अधिकारियों की प्राथमिकता बांध की मरम्मत के साथ प्रभावित लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. जरूरत के अनुसार राहत और बचाव अभियान को आगे बढ़ाया जा रहा है.
रेस्क्यू में जुटी टीमें, भीड़ से बढ़ रही परेशानी
बांध टूटने की खबर फैलने के बाद बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंचने लगे. हजारों लोगों के घटनास्थल पर जुटने से राहत और बचाव कार्य में भी परेशानी हो रही है. प्रशासन की ओर से लोगों से घटनास्थल पर अनावश्यक भीड़ नहीं लगाने की अपील की जा रही है, ताकि रेस्क्यू और मरम्मत का काम प्रभावित न हो.
ग्रामीणों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील
बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए प्रशासन ग्रामीणों से धैर्य बनाए रखने की अपील कर रहा है. लोगों को अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने को कहा गया है.
फिलहाल माही नदी के टूटे बांध की मरम्मत का काम जारी है और अधिकारी मौके पर स्थिति की लगातार निगरानी कर रहे हैं. पानी का फैलाव देखते हुए आसपास के गांवों के लोगों में भी चिंता बनी हुई है.
