तीन हत्या कांडों का पटाक्षेप
छपरा (सारण) : 25 हजार के इनामी कुख्यात अपराधी सरगना रवींद्र शर्मा उर्फ बुचुन शर्मा की गिरफ्तारी से पुलिस को एक साथ तीन हत्या कांडों के निष्पादन करने में महत्वपूर्ण हाथ लगी है. साथ ही कुख्यात बुचुन की गिरफ्तारी से कई महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे हैं, जिसके आधार पर कई महत्वपूर्ण कांडों का उद्भेदन होने की आशा जगी है.
बुचुन शर्मा की गिरफ्तारी एक मुखिया की हत्या की योजना को भी नाकाम करने में कामयाबी हाथ लगी है. इसकी गिरफ्तारी से सारण तथा सीवान की पुलिस ने राहत की सांस ली है. हत्या, लूट, अपहरण, रंगदारी, डकैती, आर्म्स एक्ट समेत 29 आपराधिक मामलों में वांटेड बुचुन शर्मा को करीब डेढ दशक से पुलिस तलाश कर रही थी. 1998 में बुचुन जेल गया और जेल से छूटने के बाद से वह लगातार अपराधकर्म की घटनाओं को अंजाम दे रहा था.
बुचुन की निशानदेही पर दो और पकड़ाये :गिरफ्तार अपराधी बुचुन शर्मा की निशानदेही पर दो लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार की है. जिसमें एकमा थाना क्षेत्र के तरवनिया गांव के स्व शिवजी राउत के पुत्र फौजदार राउत को 12 बोर कट्टा तथा छ: जिंदा कारतूस के साथ पकड़ा गया है. फौजदार के पा बुचुन ने ही देशी कट्टा और जिंदा कारतूस रखा था. इसके अलावा परसागढ़ में धर्मेंद्र कुमार की हुई हत्या के मामले में वांटेड दीपक कुमार को भी पुलिस ने पकड़ा है. गिरफ्तार बुचुन का सहयोगी एकमा थाना क्षेत्र के बनवारी अमनौर गांव के ललन महतो का पुत्र दीपक कुमार है.
धर्मेंद्र की हत्या की घटना में वह भी शामिल था और वह बाइक चला रहा था.
हत्या के लिए ली थी सुपारी :सुपारी किलर बुचुन ने एक पूर्व मुखिया से मिलकर एक मुखिया की हत्या करने का सौदा पक्का किया था. उसकी गिरफ्तारी से मुखिया की हत्या की योजना नाकाम हो गयी. जांच में यह बात भी सामने आयी है कि सारण तथा सीवान में कई पंचायत प्रतिनिधियों की सुपारी लेकर बुचुन शर्मा हत्या कर सकता था. पंचायत चुनाव के पहले बुचुन की गिरफ्तारी को महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
पत्नी को चुनाव लड़ाने की थी योजना : एकमा थाना क्षेत्र के रीठ गांव निवासी सुपारी किलर रवींद्र शर्मा उर्फ बुचुन शर्मा ने अपनी पत्नी को मुखिया पद का उम्मीदवार बनाने वाला था और इसके लिए रूपये एकत्र कर रहा था और रूपये के लिए सुपारी लेकर हत्या की घटनाओं को अंजाम दे रहा था. उसकी पत्नी वर्तमान समय में आंगनबाड़ी केंद्र की सहायिका है.
इस तरह मिली सफलता :एसपी सत्यवीर सिंह ने इस कांड के उद्भेदन के लिए विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें एसआई अमरजीत कुमार, संतोष कुमार, अरविंद कुमार, मुकेश कुमार समेत अन्य पुलिस कर्मी शामिल थे. विशेष टीम के अलावा रसूलपुर, एकमा थाने की पुलिस अलग से अनुसंधान कर रही थी. साथ ही टेक्निकल सेल भी अलग से जांच में लगा था. तीनों स्तर पर किये गये जांच व छापेमारी के बदौलत आठ दिनों पहले ही कांड का उदभेदन पुलिस ने कर लिया था और लाइनर की भूमिका निभाने वाले अभियुक्त को गिरफ्तार किया था.
पुलिस टीम को 45 हजार का इनाम :कुख्यात बुचुन शर्मा को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को 45 हजार का इनाम दिया जायेगा. बुचुन की गिरफ्तारी के लिए राज्य सरकार ने 25 हजार के इनाम की घोषणा चार माह पहले की थी. इसकी गिरफ्तारी पर एसपी सत्यवीर सिंह ने 20 हजार रूपये अतिरिक्त पुरस्कार की घोषणा की है. इसके अलावा सीवान पुलिस ने भी एक पखवाड़ा पहले 50 हजार रूपये इनाम घोषित करने की अनुशंसा सीवान एसपी ने राज्य सरकार को भेजा है.
चार अन्य की है तलाश :रसूलपुर थाना क्षेत्र के असहनी पंचायत की सरपंच रानी देवी के पति दिलीप यादव हत्या मामले में पुलिस को चार और लोगों की तलाश है. इसके लिए पुलिस टीम के द्वारा संभावित ठिकानों पर छापेमारी तेज कर दी गयी है.
