Samastipur News:गंगा व वाया नदियों का धीरे-धीरे नीचे उतर रहा पानी, समस्या बरकरार

प्रखंड क्षेत्र से गुजरने वाली गंगा व वाया नदियों का पानी दियारांचल क्षेत्र से धीरे-धीरे सरकने लगा है. इससे लोगों को बाढ़ से राहत मिली है.

Samastipur News: मोहिउद्दीननगर/मोहनपुर : प्रखंड क्षेत्र से गुजरने वाली गंगा व वाया नदियों का पानी दियारांचल क्षेत्र से धीरे-धीरे सरकने लगा है. इससे लोगों को बाढ़ से राहत मिली है. अभी भी कई गांवों के लोगों की जिंदगी नाव के सहारे कट रही है. गंगा के सरारी कैंप पर तैनात जल संसाधन विभाग के सहायक अभियंता मनीष कुमार गुप्ता ने मंगलवार को बताया कि गंगा का जलस्तर 46.95 मीटर तक पहुंच गया है जो खतरे के निशान 45.50 मीटर से 1.45 मीटर से ज्यादा है. फिलवक्त जलस्तर की प्रवृत्ति घटने की है. जल संसाधन विभाग के अधिकारियों की बात मानें तो तो रोजाना 25 से 30 सेंटीमीटर गंगा के जलस्तर में कमी दर्ज देखी जा रही है. कई सड़कों गंगा व वाया नदियों का पानी उतर चुका है. बावजूद समस्याएं बरकरार हैं. मोहिउद्दीननगर व मोहनपुर के करीब चार दर्जन विद्यालयों में बाढ़ का पानी प्रवेश करने के कारण विभागीय आदेश से बंद कर दिया गया था. करीब एक सप्ताह से सुरक्षा कारणों से बंद है. इससे बच्चों का पठन पाठन बंद है. अभी भी पशुओं के साथ पलायित पशुपालक घर लौटने का इंतजार कर रहे हैं. किंतु वैसे पशुपालक जिनके भुसकार बाढ़ के पानी में पूर्णतः डूब गये हैं. उन्हें सूखे चारे की किल्लत से रूबरू होने की नौबत आयेगी.

जल जनित रोग से लोग हो रहे संक्रमित

बाढ़ से प्रभावित लोग तेजी से जल जनित रोग से तेजी से संक्रमित हो रहे हैं. पानी में जरूरी काम के लिए इनकी आने जाने की विवशता है. विभा देवी, सरोजनी देवी, लाली देवी ने बताया कि रोग से बचाव के लिए सरकारी स्तर से दवाओं की आपूर्ति नहीं होने से खासकर गरीब लोगों को परेशानियों से गुजरना पड़ रहा है. वहीं फसल पौधे को पानी में सड़ने के बाद सड़ांध बदबू से लोग हलकान हो रहे हैं. वहीं निर्माणाधीन पतसिया व बोचहा बांध सड़क पर तंबू बनाकर रह रहे दर्जनों विस्थापित परिवारों का दर्द कम नहीं हो रहा है. बाढ़ पीड़ित भरत महतो, अखिलेश महतो आदि का बताना था कि गंगा के कटाव से विस्थापित जीवन जीने की मजबूरी के बाद सरकार की ओर से बसावट की जमीन दी गई है, वह काफी नीचे है. किसी तरह से झोपड़ी बना कर उस जमीन पर रहते थे. किन्तु बाढ़ के जाने के बाद भी दो से तीन महीने तक जल जमाव की स्थिति बनी रहती है. मजबूरन बांध पर शरण लेने के अलावा कोई विकल्प नहीं है.

राजद नेता ने सरकार से पशुचारे की आपूर्ति करने की मांग

राजद नेता इं.. विद्यासागर बाढ़ पीड़ित पशु पालकों के पशुचारे शीघ्र आपूर्ति करने की मांग की है. उन्होंने कहा कि मोहिउद्दीननगर व मोहनपुर अंचल में आई बाढ़ के कारण हजारों पशुपालकों की खेतों में लगी फसल डूबकर बर्बाद हो गई. जिसके कारण गरीब पशुपालकों के समक्ष गंभीर संकट उत्पन्न हो गई है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >