Samastipur News: विभूतिपुर : प्रखंड क्षेत्र के नरहन स्थित सूर्य मंदिर में उमरी पूजा पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़. नरहन गांव का सूर्य मंदिर एक प्राचीन और आस्था का प्रमुख केंद्र है. यह मंदिर भगवान सूर्य देव को समर्पित है, जहां उनकी भव्य प्रतिमा स्थापित है. स्थानीय मान्यता के अनुसार, यहां आने वाले भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी होती है. खासकर छठ महापर्व के दौरान यह मंदिर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से गुलजार हो जाता है. छठ पूजा का एक विशेष अनुष्ठान है, जो मुख्य रूप से संतान प्राप्ति, दीर्घायु और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना के लिए किया जाता है. इसमें व्रती माताएं-बहनें सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित करती हैं और मन्नतें मांगती हैं. यह पूजा नरहन सूर्य मंदिर में विशेष रूप से लोकप्रिय है, जहां दूर-दराज से भक्त आते हैं. व्रती महिलाओं ने बूढ़ी गंडक नदी में स्नान कर सूर्य को अर्घ्य दिया. बाजारों में पूजन सामग्री और फलों की खरीदारी को लेकर भी भारी भीड़ देखी गई. मंदिर के आसपास सुरक्षा, स्वच्छता और जल निकासी की व्यवस्था की गई है, ताकि भक्त बिना किसी असुविधा के पूजा कर सकें. कई भक्तों ने बताया कि संतान प्राप्ति की मन्नत पूरी करने लोग यहां आते हैं. मंदिर के आचार्य पंडित पवन कुमार मिश्र, पं. गुंजन मिश्रा, प्रो अमरनाथ चौधरी, व्यवसायी मुकेश पूर्वे आदि बताते हैं कि छठ महापर्व में सूर्य मंदिरों की भूमिका सूर्य उपासना का प्रतीक है. नरहन जैसे मंदिर इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. यहां की पूजा से न केवल आध्यात्मिक शांति मिलती है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक एकता का संदेश भी फैलता है.
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