मतदान के लिए रूस से अपने वतन लौटे सिविल इंजीनियर

लोकसभा चुनाव में मतदान के दौरान अपने मत गिराने के लिए विदेश में रहने वाले मासूम रजा रूस से गद्दोबाजितपुर अपने गांव पहुंच गये.

मुकुल उपाध्याय, ताजपुर : भारतवंशियों की लोकतंत्र में कितनी गहरी आस्था है. यह उस समय नजर आता है जब देश में चुनाव होते हैं. चौथे चरण में सोमवार को लोकसभा चुनाव में मतदान के दौरान अपने मत गिराने के लिए विदेश में रहने वाले मासूम रजा रूस से गद्दोबाजितपुर अपने गांव पहुंच गये. मतदान केंद्र पर उन्होंने बताया कि लोकसभा चुनाव में वे दूसरी बार अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं. ताजपुर प्रखंड के गद्दोपुर निवासी हाजी शमीम अहमद के पुत्र मासूम रजा पेशे से सिविल इंजीनियर हैं. वह बीते 13 वर्षों से रुस में रह कर नौकरी करते हैं. उजियारपुर लोकसभा क्षेत्र के मोरवा विधानसभा क्षेत्र में उनका बूथ है. उन्होंने कहा कि रूस के मास्को में सिविल इंजीनियर के रूप में काम कर रहे हैं. कहा कि विकसित भारत एवं देश के विकास के लिए मतदान किया है. उन्होंने हाल ही में रुस में संपन्न हुए चुनाव की चर्चा करते हुए कहा कि भारत व रूस की लोकतांत्रिक चुनाव करीब-करीब एक समान ही है. वहां भी प्रत्याशी घर-घर जाकर वोट मांगते हैं. कम मतदाता होने के कारण रूस में अभी भी बैलेट पेपर से चुनाव होता है. जबकि भारत में इवीएम से. जब उन्हें अपने देश में चुनाव की जानकारी मिली तो वे खुद को रोक नहीं पाये. मतदान डालने के बाद उन्हें तसल्ली है कि उन्होंने देश के निर्माण के लिए अपना मत डाल लिया है. अब जल्द ही वापस रूस लौट जायेंगे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >