Samastipur News:बिथान-कुशेश्वर स्थान रेल परियोजना की रफ्तार धीमी

प्रखंडवासियों का वर्षों पुराना सपना था कि क्षेत्र में रेल सेवा का विस्तार हो. जिससे उनका संपर्क राज्य और देश के अन्य भागों से सुलभ हो सके.

Samastipur News:बिथान : प्रखंडवासियों का वर्षों पुराना सपना था कि क्षेत्र में रेल सेवा का विस्तार हो. जिससे उनका संपर्क राज्य और देश के अन्य भागों से सुलभ हो सके. यह सपना आंशिक रूप से तब साकार हुआ जब सांसद राजेश वर्मा के प्रयासों से बिथान से समस्तीपुर के बीच एक जोड़ी मेमू पैसेंजर ट्रेन का परिचालन शुरू हुआ. इससे जहां लोगों को यात्रा में सहूलियत मिली. वहीं बिथान से कुशेश्वर स्थान तक रेललाइन का कार्य अब भी अधूरा है. जिससे जनता की अपेक्षाओं को आघात पहुंचा है. बिथान निवासी आकाश कुमार द्वारा सूचना के अधिकार के तहत प्राप्त जानकारी के अनुसार हसनपुर-सकरी रेलखंड के लिए वर्ष 2024-25 में आवंटित राशि में से 41.97 करोड़ रुपये शेष बचे हैं. साथ ही आगामी वित्तीय वर्ष 2025-26 में इस परियोजना के लिए 92.25 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है. हालांकि कार्य प्रगति पर है लेकिन इसमें और तेजी लाने की आवश्यकता है ताकि यह परियोजना समय पर पूरी हो सके. स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक यह रेललाइन कुशेश्वर स्थान तक नहीं पहुंचता है तब तक स्व. ललित नारायण मिश्र और पूर्व केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान का सपना अधूरा रहेगा. यह परियोजना मिथिलांचल के इस पिछड़े क्षेत्र को मुख्यधारा से जोड़ने में सहायक होगा. इससे यहां सामाजिक और आर्थिक विकास के नये द्वार खुलेंगे. वर्तमान में बिथान रेलवे स्टेशन पर फुट ओवरब्रिज का निर्माण कार्य जारी है. जबकि बिथान से आगे कौराही तक काम चल रहा है. इस रेलखंड में कौराही हॉल्ट और कुशेश्वर स्थान स्टेशन प्रस्तावित है. रेलवे ने परियोजना की पूर्णता के लिए मार्च 2027 की समय-सीमा तय की है. स्थानीय जनता की मांग है कि जिस तरह हसनपुर से बिथान तक काम तेजी से हुआ. उसी प्रकार बिथान से कुशेश्वर स्थान तक भी कार्य में तेजी लायी जाये. जनता को भरोसा है कि सांसद के निरंतर प्रयासों से यह बहुप्रतीक्षित रेल परियोजना शीघ्र ही पूरी होगी. क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Ankur kumar

Ankur kumar is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >