समस्तीपुर : उपविकास आयुक्त संदीप शेखर प्रियदर्शी की अध्यक्षता में जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति की बैठक हुई. उन्होंने बैंकों को सीडी रेशियो एवं एनुअल क्रेडिट प्लान, केसीसी, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, पीएमईजीपी, पीएमएफएमई की समीक्षा की. सभी बैंक प्रतिनिधियों को निर्देश दिया कि कोई व्यक्ति बैंकिग सुविधाओं से लाभान्वित होने को इच्छुक है तथा पात्रता को पूरा करते हैं तो उन्हें पर्याप्त सहयोग उपलब्ध करायें. उन्होंने बैंकों को वित्तीय समावेशन का महत्वपूर्ण जरिया बताया. कहा कि बैंक न केवल रोजगारपरक समाज के निर्माण में सहायक है बल्कि अपनी वित्तीय गतिविधियों से नागरिकों के आर्थिक सामाजिक सशक्तिकरण में प्रभावी भूमिका अदा कर सकता है. उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा संचालित योजनाओं को प्राथमिकता में रखते हुए आवेदकों को उनकी पात्रता के अनुरूप ससमय ऋण उलब्ध करायें. समीक्षा के दौरान अग्रणी बैंक प्रबंधक के द्वारा बताया गया कि दिसंबर 2024 में जिले का सीडी रेशियो 63.41 प्रतिशत है, पूरे बिहार में यह 15 वें स्थान पर है. 50 प्रतिशत से कम सीडी रेशियो वाले पंजाब नेशनल बैंक को स्थिति में सुधार लाने को कहा. जिले का एनुअल क्रेडिट प्लान 46.36 प्रतिशत है.प्रधानमंत्री रोजगार गांरटी योजना की समीक्षा के क्रम में पाया गया कि कुल लक्ष्य 259 के विरुद्ध दिसंबर 2024 तक 332 व्यक्तियों को स्वीकृति प्रदान की गयी है. पीएमएफएमई के तहत जिले के बैंकों के द्वारा दिसंबर 2204 तक 327 आवेदकों को लोन दिया गया, जबकि लक्ष्य 455 है, इस पर डीडीसी ने नाराजगी जतायी. बैठक में एडीएम पुष्पिता झा, डीडीएम नाबार्ड अभिनव कृष्णा, जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक विवेक कुमार शर्मा, अग्रणी जिला बैंक प्रबंधक, सोनू कुमार, निदेशक आर सेटी प्रकाश कुमार सिंह सहित विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि आदि मौजूद थे.
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