समस्तीपुर. स्वच्छता को लेकर लगातार अभियान चलाये जा रहे हंै. मगर अब भी कई परिवारों में शौचालय की पहुंच नहीं हो पायी है. जिले में ऐसे घरों का आंकड़ा 80 हजार के पार पहुंच चुका है. इसमें गरीबी रेखा से नीचे जीवन बसर कर रहे परिवारों के साथ ही एपीएल परिवार भी शामिल हैं. जिले में 1051154 घर हंै तो इनमें 1023440 घरों तक पीएचइडी पहुंच पायी है. फरवरी तक के आंकड़े तो यही बयां कर रहे हंै. एनबीए के तहत अब तक 473652 बीपीएल परिवारों तक शौचालय की उपलब्धता नहीं हो पायी है. ऐसे परिवार अब तक शौच के लिये दूसरे साधनों पर ही निर्भर हैं. शहरी इलाकों में तो शौचालय बन गये हंै. वहीं ग्रामीण इलाकों तक अब तक शौचालय का निर्माण नहीं किया जा सका है. ऐसे जगहों पर या तो सार्वजनिक स्थानों और या तो दूसरे के घरों पर ही लोग निर्भर हैं. वहीं एपीएल परिवारों में यह आंकड़ा 336421 घरों तक शामिल हैं. 14 -15 मेें अब तक 2574 परिवारों को इसमें शामिल किया गया है. स्वच्छ भारत अभियान के तहत अब लोगों को शौचालय के साथ ही पानी टंकी की भी व्यवस्था करनी पड़ेगी. जिससे शौचालय में साफ सफाई की व्यवस्था भी बनी रहे. निर्धारित राशि में अब इसे भी सम्मिलित किया गया है. कुल घरों की संख्या 1051154आंकड़े दर्ज 1023440शौचालयविहीन घरों की संख्याबीपीएल 473652एपीएल 336421कुल 810073पहचानरहित एपीएल घर 7504222014 व 15 में सम्मिलित परिवार 2574नोट : श्रोत बीएलएस सर्वे.
निर्मल भारत अभियान : 80 हजार घरों में नहीं है शौचालय
समस्तीपुर. स्वच्छता को लेकर लगातार अभियान चलाये जा रहे हंै. मगर अब भी कई परिवारों में शौचालय की पहुंच नहीं हो पायी है. जिले में ऐसे घरों का आंकड़ा 80 हजार के पार पहुंच चुका है. इसमें गरीबी रेखा से नीचे जीवन बसर कर रहे परिवारों के साथ ही एपीएल परिवार भी शामिल हैं. जिले […]
