Samastipur News: समस्तीपुर जिले में अपराध नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए बिहार सरकार के गृह विभाग ने एक बड़ा फैसला लिया है. सरकार ने जिले में ग्रामीण पुलिस अधीक्षक (Rural SP) के नए पद के सृजन को आधिकारिक स्वीकृति दे दी है. गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी द्वारा जारी आदेश के बाद अब जिले की पुलिसिंग में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा.
अपराध और साम्प्रदायिक संवेदनशीलता पर नजर
समस्तीपुर जिला साम्प्रदायिक दृष्टि से संवेदनशील माना जाता है. वर्तमान में यहाँ 35 थाने और एक आउट पोस्ट संचालित हैं. अभी तक जिले की पूरी कमान पुलिस अधीक्षक और सात डीएसपी रैंक के अधिकारियों के पास थी. ग्रामीण एसपी के आने से अब ग्रामीण इलाकों में कानून-व्यवस्था की बेहतर निगरानी हो सकेगी. यह कदम विशेष रूप से अपराध नियंत्रण और संवेदनशील क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है.
ग्रामीण एसपी के पास होंगे ये अधिकार
नवनियुक्त ग्रामीण एसपी को अपने कार्यक्षेत्र में जांच, केस समीक्षा और अपराधों की मॉनिटरिंग का जिम्मा मिलेगा. इसके साथ ही उन्हें दारोगा, सिपाही और हवलदार स्तर के कर्मियों को निलंबित करने का भी अधिकार प्राप्त होगा. हालांकि, गंभीर और महत्वपूर्ण मामलों में उन्हें जिला एसपी को रिपोर्ट करना होगा. पुलिस लाइन के पदाधिकारियों पर कार्रवाई के लिए भी जिला एसपी से विमर्श अनिवार्य होगा. सरकार के इस निर्णय से पुलिस कार्यों का बेहतर विभाजन होगा और जमीनी स्तर पर सुरक्षा बढ़ेगी.
