बढ़ते ठंड से सहमे आलू उत्पादक किसान

मोहीउद्दीननगर. प्रखंड क्षेत्र के आलू उत्पादक किसान लगातार ठंड में इजाफा व शीत लहर के कारण सहमे सहमे नजर आ रहे हैं. चिंता की लकीर इन किसानों के माथे पर दिखने लगी है. पिछले वर्ष झुलसा के प्रकोप के कारण आलू का उत्पादन बुरी तरह से प्रभावित हुआ था. किसानों को आर्थिक क्षति भी उठानी […]

मोहीउद्दीननगर. प्रखंड क्षेत्र के आलू उत्पादक किसान लगातार ठंड में इजाफा व शीत लहर के कारण सहमे सहमे नजर आ रहे हैं. चिंता की लकीर इन किसानों के माथे पर दिखने लगी है. पिछले वर्ष झुलसा के प्रकोप के कारण आलू का उत्पादन बुरी तरह से प्रभावित हुआ था. किसानों को आर्थिक क्षति भी उठानी पड़ी थी. इसी आशंका से ग्रसित होकर अभी से ही किसानों ने आलू की फसल को बचाने के लिए विभिन्न प्रकार की दवाओं का प्रयोग तेजी करना शुरू कर दिया है. प्रखंड क्षेत्र विभिन्न स्थानों पर दवा विक्रेताओं के द्वारा विभिन्न प्रकार से दावे प्रतिदावे कर भोले भाले किसानों को लुभाने वाले वादों के साथ झुलसा रोग से बचाव के लिए दवा बेची जा रही है. इनकी गुणवत्ता के बारे में किसानों को समुचित जानकारी भी नहीं हो पाती है. प्रखंड क्षेत्र किसानों ने जानकारी दी है कि जब झुलसा या अन्य रोगों से आलू की फसल बरबाद होती है तो इसका समुचित सर्वक्षण व उचित मुआवजे की व्यवस्था नहीं है. इसके कारण किसान आलू का उत्पादन करने से पहले दस बार सोचने के लिए विवश होते हैं. इससे सीधे बाजार प्रभावित होता है.

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