अनीता और रीता की किस्मत पलटी, दोनों बहनें गयीं फ्रांस

समस्तीपुर : कल तक ममता शिशु गृह में अनाथ की तरह पल रही दो सगी बहनें सात वर्षीय अनीता और छह वर्षीय रीता की किस्मत अचानक पलट गयी. अपनों से बिछुड़ी दोनों बच्ची शहर के बाहर पत्थर स्थित दत्तक ग्रहण संस्थान ममता शिशु गृह में पल रही थी. शिशु गृह के कर्मी उसका पालन पोषण […]

समस्तीपुर : कल तक ममता शिशु गृह में अनाथ की तरह पल रही दो सगी बहनें सात वर्षीय अनीता और छह वर्षीय रीता की किस्मत अचानक पलट गयी. अपनों से बिछुड़ी दोनों बच्ची शहर के बाहर पत्थर स्थित दत्तक ग्रहण संस्थान ममता शिशु गृह में पल रही थी. शिशु गृह के कर्मी उसका पालन पोषण कर रहे थे. दोनों बहनें पटना जंक्शन पर वर्ष 2017 में भटकती मिली थी. दोनों बहनों को वहां से दानापुर स्थित नारी कुंज ले जाया गया़ बाद में वहां से उसे इस ममता शिशु गृह में लाकर रखा गया.

केन्द्रीय दत्तक ग्रहण संस्थान प्राधिकारण (सीएआरए) से विधिक प्रक्रिया पूर्ण होने बाद गुरुवार को जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने दोनों बच्ची को उसे गोद लेने वाले फ्रांस की दंपती को सुपुर्द किया. दोनों बच्ची को फ्रांस की दपंती अट्रोपल मेरिया व वंसारा बोलीनी दोनों बच्ची को अपने साथ लेकर चले गये.

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