नगर परिषद की बैठक में हंगामा, प्रतिनिधियों के अड़ियल रवैये से बिगड़ा माहौल

नगर परिषद सभागार में बुधवार को आयोजित सामान्य बोर्ड की बैठक हंगामे की भेंट चढ़ गयी.

बैठक में बैठने पर अड़े रहे वार्ड पार्षद प्रतिनिधि

सिमरी बख्तियारपुर. नगर परिषद सभागार में बुधवार को आयोजित सामान्य बोर्ड की बैठक हंगामे की भेंट चढ़ गयी. बैठक के दौरान वार्ड पार्षदों के प्रतिनिधियों ने माहौल को इतना गरमा दिया कि अंत में कोरम के अभाव में बैठक स्थगित करनी पड़ी. स्थिति को देखते हुए पुलिस को भी बुलाना पड़ा. बताया जाता है कि बैठक शुरू होते ही कई वार्ड पार्षदों ने नगर परिषद कार्यालय के कर्मियों पर मनमानी का आरोप लगाया. पार्षदों का कहना था कि नियमानुसार बैठक की सूचना कम से कम 72 घंटे पूर्व सभी पार्षदों को दी जानी चाहिए थी और उनसे पत्र रिसीव भी करवाया जाना चाहिए था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया. इसके अलावा बैठक पंजी और प्रस्ताव पंजी पर हस्ताक्षर को लेकर भी पार्षदों ने आपत्ति जतायी. इसी बीच वार्ड पार्षद प्रतिनिधियों के बैठक में बैठने को लेकर विवाद खड़ा हो गया.

बहिष्कार के बाद कोरम के अभाव में बैठक स्थगित

नियम के मुताबिक नगर परिषद की बैठक में केवल निर्वाचित वार्ड पार्षद ही शामिल हो सकते हैं. हालांकि सांसद और विधायक के अधिकृत प्रतिनिधियों को विभागीय निर्देश के तहत विशेष रूप से शामिल होने की अनुमति रहती है. इसके बावजूद कई वार्ड पार्षद प्रतिनिधि बैठक में बैठने को लेकर अड़ गये. कार्यपालक पदाधिकारी रामविलास दास ने स्पष्ट रूप से कहा कि सरकारी प्रावधानों के अनुसार वार्ड पार्षदों के निजी प्रतिनिधियों को बैठक में शामिल होने की अनुमति नहीं है, लेकिन इस स्पष्टीकरण के बाद भी कई प्रतिनिधि सदन में बैठने की जिद पर अड़े रहे और इसे लेकर हंगामा शुरू हो गया. प्रतिनिधियों के अड़ियल रवैये से बैठक का माहौल पूरी तरह तनावपूर्ण हो गया. स्थिति को संभालने के लिए सभापति प्रतिनिधि हस्सान आलम और उपसभापति प्रतिनिधि विकास कुमार विक्की को बीच बचाव करना पड़ा और पार्षदों को शांत कराने की कोशिश की गयी. वहीं बैठक के दौरान सभापति फसिया खातून ने भी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि उनके अधिकारों का हनन किया जा रहा है. इसके बाद वह भी सदन से उठकर बाहर चली गयी. हंगामे के बीच वार्ड पार्षदों ने भी बैठक का बहिष्कार कर दिया, जिससे कोरम पूरा नहीं हो सका और बैठक स्थगित करनी पड़ी.

स्थिति बिगड़ता देख थाने को दी गयी सूचना

इधर स्थिति को बिगड़ता देख नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी ने बख्तियारपुर थाना को सूचना दी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया. कार्यपालक पदाधिकारी रामविलास दास ने बताया कि कोरम के अभाव में बैठक स्थगित कर दी गयी है. जल्द ही नई तिथि तय कर सभी वार्ड पार्षदों को फिर से सूचना दी जायेगी. उन्होंने यह भी बताया कि बैठक की सूचना देने में लापरवाही बरतने वाले नगर कर्मी से स्पष्टीकरण मांगा गया है. नगर परिषद की बैठक में हुए इस हंगामे और प्रतिनिधियों के अड़ियल रवैये को लेकर शहर में दिनभर चर्चाओं का बाजार गर्म रहा. कई लोगों का कहना है कि यदि नियमों का पालन नहीं किया गया तो परिषद की बैठकों की गरिमा पर सवाल उठते रहेंगे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Dipankar Shriwastaw

Dipankar Shriwastaw is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >