Saharsa PHC Dispute: सहरसा जिले के पतरघट प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में गुरुवार देर रात मरीज को रेफर करने के दौरान विवाद हो गया. मरीज के परिजनों और अस्पताल कर्मियों के बीच हुई कहासुनी के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, लेकिन इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है.
प्रसव के बाद बिगड़ी तबीयत, दोबारा अस्पताल पहुंची महिला
जानकारी के अनुसार गोलमा पश्चिमी पंचायत के बथनाहा बस्ती निवासी अनीषा कुमारी को प्रसव पीड़ा होने पर बुधवार को पीएचसी पतरघट में भर्ती कराया गया था. सुरक्षित प्रसव के बाद उन्हें घर भेज दिया गया. गुरुवार को घर पहुंचने के बाद तबीयत बिगड़ने पर परिजन उन्हें दोबारा पीएचसी लेकर पहुंचे.
रेफर करने पर भड़के परिजन
अस्पताल में जांच के दौरान चिकित्सकों ने महिला के शरीर में खून की कमी पाई और बेहतर इलाज के लिए देर शाम सदर अस्पताल रेफर कर दिया. परिजनों का आरोप था कि यदि मरीज की स्थिति गंभीर थी तो दिन में ही रेफर किया जाना चाहिए था. इसी बात को लेकर अस्पताल परिसर में विवाद शुरू हो गया.
मारपीट के आरोप, वीडियो हुआ वायरल
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार अस्पताल कर्मियों और सुरक्षा गार्ड ने परिजनों को शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन विवाद बढ़कर धक्का-मुक्की तक पहुंच गया. वायरल वीडियो में परिजन अस्पताल कर्मियों और सुरक्षा गार्ड पर मारपीट का आरोप लगाते दिखाई दे रहे हैं, जबकि अस्पताल कर्मियों की ओर से परिजनों पर अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया जा रहा है. वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है.
पुलिस ने पहुंचकर कराया मामला शांत
Saharsa PHC Dispute: घटना की सूचना मिलने पर पतरघट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया. इसके बाद मरीज को बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया.
व्यवस्था पर उठे सवाल
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने पीएचसी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि ड्यूटी चार्ट का समुचित पालन नहीं होने से विशेषकर शाम के समय आने वाले मरीजों को परेशानी होती है. लोगों ने स्वास्थ्य विभाग से अस्पताल की व्यवस्था में सुधार और ड्यूटी व्यवस्था को प्रभावी बनाने की मांग की है.
क्या बोलीं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी
पीएचसी पतरघट की प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. बबीता कुमारी ने बताया कि उनकी अनुपस्थिति में ड्यूटी पर मौजूद डॉ. अनुज कुमार ने मरीज की जांच की थी. जांच में खून की कमी पाए जाने पर बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर किया गया. उन्होंने कहा कि रेफर किए जाने के दौरान परिजनों ने हंगामा किया था. हालांकि अस्पताल कर्मियों या सुरक्षा गार्ड के खिलाफ अब तक किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है. शिकायत मिलने पर मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी. ALSO READ: अब घर बैठे होगी रजिस्ट्री: सोनवर्षा में 18 जुलाई से बुजुर्गों के लिए नई व्यवस्था
