सौरबाजार (सहरसा) से छत्री कुमार की रिपोर्ट:
Saharsa news: सौरबाजार प्रखंड के चन्दौरपूर्वी पंचायत में वर्षों से आयोजित हो रहे ऐतिहासिक मां सरस्वती मेला को राजकीय मेला घोषित कराने की प्रक्रिया तेज हो गई है. विधायक आईपी गुप्ता की मांग पर अंचलाधिकारी की जांच रिपोर्ट एवं अनापत्ति प्रमाण पत्र के आधार पर जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने राज्य सरकार को अनुशंसा भेज दी है.
राज्य सरकार से स्वीकृति मिलने के बाद मेले को राजकीय मेला का दर्जा मिल जाएगा. इसके बाद आयोजन बिहार सरकार के कला एवं संस्कृति विभाग की देखरेख में सरकारी स्तर पर कराया जाएगा. स्थानीय लोगों का मानना है कि इससे क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान को नई पहचान मिलेगी और लोक कलाकारों को बेहतर मंच उपलब्ध होगा.
जानकारी के अनुसार, चन्दौरपूर्वी में सरस्वती पूजा के अवसर पर पिछले कई दशकों से पांच दिवसीय मेले का आयोजन किया जाता है. मेले में दंगल, लोकगाथा, भगैत, नाटक प्रतियोगिता सहित कई सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होते हैं, जिसे देखने के लिए दूर-दराज से बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं.
मेला समिति के अध्यक्ष अरविंद यादव उर्फ अरविंद मरर ने बताया कि यह मेला वर्ष 1945 से लगातार आयोजित हो रहा है और लोगों की गहरी आस्था इससे जुड़ी हुई है. उन्होंने कहा कि मां शारदे के दरबार में सच्चे मन से मांगी गई मुराद पूरी होती है.
राजकीय मेला का दर्जा मिलने की संभावना से चन्दौरपूर्वी, चन्दौरपश्चिमी, सौरबाजार समेत आसपास के क्षेत्रों में खुशी का माहौल है.
