मत्स्यगंधा मंदिर के निकट कचरे में लगी आग से मची अफरा-तफरी
मत्स्यगंधा स्थित रक्त काली चौंसठ योगिनी मंदिर के पीछे रखे कचरे में बुधवार के दोपहर उठी आग की लपटें से अफरा-तफरी का माहौल उत्पन्न हो गया.
By Dipankar Shriwastaw | Updated at :
अग्निशमन दल ने मौके पर पहुंच आग पर पाया काबू
सहरसा. मत्स्यगंधा स्थित रक्त काली चौंसठ योगिनी मंदिर के पीछे रखे कचरे में बुधवार के दोपहर उठी आग की लपटें से अफरा-तफरी का माहौल उत्पन्न हो गया. गनीमत रहा कि समय रहते अग्निशमन दल मौके पर पहुंच आग पर पूरी तरह काबू पा लिया, जिससे किसी तरह की कोई खास क्षति नहीं हुई. मंदिर व्यवस्थापक कुमार हीरा प्रभाकर ने बताया कि मंदिर के पीछे अर्धनिर्मित विवाह भवन के निकट रखे कचरे में एकाएक आग लग गयी, जिससे निकट में पड़े जर्जर प्लास्टिक के बोट में आग गयी. इससे आग की लपटें तेज हो गयी. स्थानीय लोगों की तत्काल इस पर नजर पड़ी तो अग्निशमन विभाग को तत्काल सूचना दी गयी. तत्काल ही अग्निशमन दल मौके पर पहुंचकर आग पर पूरी तरह काबू पाया. इस आग से किसी प्रकार की क्षति नहीं हुई है. जर्जर पड़े लगभग 10 प्लास्टिक के बोट पूरी तरह जल गये. इसके अलावे किसी प्रकार की क्षति नहीं हुई है. अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी श्यामसुंदर यादव ने बताया कि आग से कोई विशेष क्षति नहीं हुई है. कचरे में लगी आग से निकट पड़े खराब प्लास्टिक के बोट में आग लग गयी, जो विकराल रूप धारण कर रही थी. लेकिन समय रहते इस पर पूरी तरह काबू पा लिया गया एवं आग को पूरी तरह बुझा दिया गया. मौके पर सहायक अग्निशमन पदाधिकारी धीरज कुमार, अग्निक विकास कुमार, अग्निक कुंदन कुमार, अग्निक मिथुन कुमार, अग्निक प्रदीप कुमार, अग्निक चाक राजेश रंजन सहित अन्य ने अहम योगदान दिया.