भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते को रद्द करने तथा दिल्ली के जंतर-मंतर पर आंदोलित एवं अनशनरत छात्रों के समर्थन में सहरसा में वामपंथी संगठनों ने हुंकार भरी है. बुधवार को बिहार राज्य किसान सभा जिला परिषद और बिहार राज्य किसान सभा जिला काउंसिल के बैनर तले कार्यकर्ताओं ने शहर में विशाल प्रतिरोध मार्च निकाला. प्रतिरोध मार्च सीपीआई (CPI) कार्यालय से शुरू होकर ऐतिहासिक वीर कुंवर सिंह चौक पहुंचा, जहां उग्र प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला दहन किया.
नीतियों के खिलाफ जमकर हुई नारेबाजी
प्रदर्शन के दौरान वामपंथी और किसान संगठनों से जुड़े कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ तीखा आक्रोश जताया:
- प्रमुख नारे: "भारत-अमेरिका व्यापार समझौता रद्द करो", "शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त करो", "पेपर लीक पर पूरी तरह रोक लगाओ", और "शिक्षा एवं स्वास्थ्य का निजीकरण बंद करो" जैसे नारों से पूरा चौक गुंजायमान रहा.
- छात्रों पर दमन का आरोप: प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि अपने जायज अधिकारों की मांग कर रहे शांतिपूर्ण छात्रों के साथ दमनकारी व्यवहार किया जा रहा है और लोकतांत्रिक आवाजों को दबाने का प्रयास हो रहा है.
"व्यापार समझौते से तबाह होंगे देश के किसान": सीपीआई नेता
प्रतिरोध सभा को संबोधित करते हुए सीपीआई के राष्ट्रीय परिषद सदस्य ओमप्रकाश नारायण और किसान सभा के प्रांतीय संयुक्त सचिव रणधीर यादव ने केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला:
नेताओं का वक्तव्य: "प्रस्तावित भारत-अमेरिका व्यापार समझौता भारतीय कृषि और स्थानीय किसानों के लिए बेहद नुकसानदेह साबित होगा. केंद्र सरकार लगातार देश के किसानों, युवाओं और छात्रों की अनदेखी कर रही है. देश में आए दिन हो रहे पेपर लीक से छात्रों का भविष्य अंधकारमय हो रहा है. सरकार के इस रवैये से समाज के हर वर्ग में भारी असंतोष पनप रहा है."
वामपंथी संगठनों के दर्जनों कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस विरोध प्रदर्शन में किसान सभा, सीपीआई (CPI), सीपीएम (CPM) समेत कई वामपंथी संगठनों के प्रमुख नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे.
कार्यक्रम में किसान सभा के जिला सचिव विजय कुमार यादव, जिला मंत्री प्रमानंद ठाकुर, भवेश यादव, अमर कुमार पप्पू, उमेश चौधरी, खारानंद ठाकुर, शंकर कुमार, प्रभुलाल दास के अलावा सीपीएम नेता कुलानंद कुमार, नसीम उद्दीन, मनोज शर्मा, बबलू शर्मा, अर्जुन शर्मा, दिलीप शर्मा, निर्मल कुमार, मो. मकसूद, आनंद यादव, रमेश शर्मा और मो. नसीम सहित सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए.
