चाइल्ड लाइन ने नाबालिग बालिका का विवाह रुकाया, परिजनों से कराया पंचनामा

चाइल्ड लाइन ने नाबालिग बालिका का विवाह रुकाया

बाल विवाह करने, कराने एवं सहायता करने वाले भी भी दंड के होंगे भागी सहरसा . जिले के कहरा प्रखंड के बनगांव से चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1098 पर गुरुवार को बाल विवाह होने की गुप्त सूचना मिली थी. सूचना प्राप्त होते ही सहायक निदेशक जिला बाल संरक्षण इकाई से प्राप्त दिशा निर्देश के आलोक में स्थल जांच की गयी. स्थानीय जांच में सूचना सही पाए जाने के बाद प्रखंड विकास पदाधिकारी कहरा, थानाध्यक्ष बनगांव एवं अनुमंडल पदाधिकारी सह बाल विवाह निषेध पदाधिकारी सदर सहरसा को इसकी सूचना पत्र के माध्यम से दी गयी. जिसके बाद जिला समन्वयक चाइल्ड हेल्प लाइन, चाइल्ड हेल्पलाइन टीम, थानाध्यक्ष बनगांव, प्रखंड विकास पदाधिकारी ने स्थल पर पहुंचकर नाबालिग लगभग 14 वर्ष बालिका का विवाह रुकवाया गया. बाल विवाह रुकवाने मौके पर पहुंची टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा. काफी मशक्कत के बाद परिवार वालो व ग्रामीणों को समझने बुझाने के बाद बीडीओ एवं चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक द्वारा कानून की जानकारी एवं बाल विवाह अधिनियम के बारे मे समझाया गया. साथ ही बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के तहत 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की एवं 21 वर्ष से कम उम्र के लड़का की शादी करना दंडनीय अपराध है, बताया गया. समन्वयक ने कहा कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के तहत सभी को जागरूक रहना चाहिए. इस अधिनियम के तहत कोई व्यक्ति बाल विवाह करता है, कराता है या फिर बाल विवाह में सहायता करता है तो वो भी दंड के भागी होंगे. बाल विवाह होने से सामाजिक, मानसिक एवं शरीरिक दुष्प्रभाव के बारे में समझाया गया. गांव में मौजूद ग्रामीण, पंचायत प्रतिनिधि के बीच प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक ने लड़की के अभिभावक एवं रिश्तेदार को समझा बुझाकर लड़की के 18 साल पूर्ण होने तक शादी नही करने को राजी कर लिया. साथ ही इस आशय का एक पंचनामा चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक द्वारा भरवाया गया. जिसमे अभिभावक एवं लड़की के द्वारा यह घोषणा किया गया की 18 वर्ष के उम्र नही पूरा होने तक शादी नही करेंगे. गवाह के रूप मे ग्रामीण, पंचायत प्रतिनिधि एवं सभी मौजूद पदाधिकारियों का हस्ताक्षर लिया गया. मौजूद सभी ग्रामीण के बीच चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक ने लोगों को बाल बिवाह के दुष्परिणाम की चर्चा करते बाल विवाह को रोकने के लिए समाज के सभी वर्ग के लोगों को आगे आने का आह्वान किया. चाइल्ड हेल्प लाइन के तरफ से ऐसे किसी भी बाल विवाह की सूचना अनुमंडल पदाधिकारी सह बाल विवाह निषेध पदाधिकारी एवं चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल फ्री 1098 पर देने का आह्वान किया. थानाध्यक्ष ने जानकारी देते कहा कि बाल विवाह में शामिल पंडित, टेंट वाले, रसोइया एवं सम्मिलित होने वाले ग्रामीण को भी दोषी माना जाता है. ऐसे बाल विवाह में शामिल होने से बचे एवं इसकी जानकारी प्रशासन एवं चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1098 पर सूचना दें.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Dipankar Shriwastaw

Dipankar Shriwastaw is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >