एक कुली भी घूस की राशि के साथ आया पकड़ में
स्थानीय व्यापारी की शिकायत पर टीम के सदस्य ने पहले से ही बिछा दिया था जाल
सहरसा : बुधवार की देर शाम स्थानीय रेल पार्सल कार्यालय में मुख्य पार्सल पर्यवेक्षक के पद पर प्रतिनियुक्त रमेश कुमार रमण के साथ कुली सिंघेश्वर महतो को पटना की सीबीआइ टीम ने घूस की राशि के साथ गिरफ्तार कर लिया व उसे अपने साथ पटना लेकर चली गयी. गांधीपथ के स्थानीय व्यवसायी फिरोज आलम ने पटना सीबीआइ टीम को एक सप्ताह पूर्व मुख्य पार्सल पर्यवेक्षक के विरुद्ध शिकायत दर्ज करायी गयी थी. सीबीआइ टीम को बताया गया कि दिल्ली, कोलकाता सहित अन्य शहरों से रेल पार्सल द्वारा बुक कराकर उनका सामान सहरसा मंगाया जाता है. लेकिन सभी तरह के बिल रहते हुए भी पार्सल पर्यवेक्षक द्वारा बार-बार रिश्वत मांगे जाने व बेवजह तंग करने को लेकर शिकायत की गयी. इसके बाद सीबीआइ टीम ने शिकायतकर्ता के आवेदन पर पहले गुप्त रूप से मामले की तहकीकात की. आरोप में सच्चाई देख बुधवार को पटना से पहुंची सात सदस्य टीम ने उसके पीछे जाल बिछाना शुरू कर दिया.
मंगलवार को फिरोज आलम का दिल्ली से पूरबिया एक्सप्रेस में 69 नग कॉस्मेटिक का सामान सहरसा आया हुआ था. उसे छुड़ाने के लिए सीबीआइ टीम के द्वारा बताये गये दिशा निर्देश पर
रेलवे के मुख्य…
पार्सल पर्यवेक्षक को रंगे हाथ गिरफ्तार करने के लिए पहले दिन भी जाल बिछाया गया. चालीस रुपये प्रति नग अतिरिक्त राशि लेने की बात तय होने के बाद सीबीआइ द्वारा चिह्नित पांच सौ के नौ, दो सौ व एक सौ रुपये का एक एक नोट यानी कुल अड़तालीस सौ रुपये मुख्य पार्सल पर्यवेक्षक को दिया गया. बुधवार देर शाम जब पार्सल पर्यवेक्षक व उनके साथ एक कुली कार्यालय बंद कर घर जाने वाले थे, सीबीआइ टीम ने दोनों को अपनी गिरफ्त में ले लिया. उसी समय सात सदस्यीय टीम में से तीन लोग पूर्वी रेलवे कॉलोनी रमेश कुमार रमण के घर की तलाशी लेने उसके घर जा पहुंचे. लेकिन टीम को पर्यवेक्षक के घर से कुछ भी हाथ नहीं लगा. गिरफ्तार पार्सल पर्यवेक्षक व कुली को सीबीआइ स्थानीय परिसदन लेकर आ गयी. जहां गिरफ्तार पर्यवेक्षक व कुली से पूछताछ की गयी. शिकायतकर्ता फिरोज आलम को भी परिसदन बुलाकर सीबीआइ टीम के द्वारा पूछताछ का दौर देर रात तक जारी रहा. पूछताछ व जब्ती सूची बनाकर टीम अपने साथ दोनों लोगों को लेकर पटना चली गयी. सीबीआइ टीम द्वारा की गयी कार्रवाई का स्टेशन पर किसी को भनक तक नहीं लगी.
