पतरघट : गोलमा पश्चिमी पंचायत के अंतर्गत वार्ड नंबर दो के पिपरा बस्ती निवासी सुनील यादव उर्फ हिरण यादव का सोलह वर्षीय पुत्र स्कूली छात्र रामप्रवेश कुमार गुरुवार की सुबह मुख्य शीतलपट्टी नदी के पिपरा सिरहा घाट पर छठ घाट बनाने के क्रम में पैर फिसलने से पानी के तेज बहाव की चपेट में आने से गहरे पानी में डूब गया. लेकिन वहां उपस्थित लोगों की तत्परता से उक्त बच्चे को बेहोशी की हालत में पानी से निकाल लिया गया. आनन-फानन में परिजनों सहित स्थानीय लोगों के सहयोग से पीएचसी पतरघट में इलाज के लिए भर्ती कराया गया. लेकिन पीएचसी में एक भी डॉक्टर उपस्थित थे.
परिजन एवं ग्रामीणों ने उग्र होकर पीएचसी में तोड़फोड़ की. खिड़की के शीशे को क्षतिग्रस्त करते हुए कागजात को उलट दिया. पीएचसी में तोड़फोड़ की सूचना पाते ही ओपी प्रभारी के निर्देश पर अवर निरीक्षक कांति प्रसाद यादव पुलिस बल के साथ पीएचसी पहुंचे. मामले की छानबीन शुरू करते हुए खोजबीन की. लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही परिजन एवं ग्रामीण बच्चे को लेकर मधेपुरा सदर अस्पताल में भर्ती कराने के लिए प्रस्थान कर गये. परिजनों के अनुसार,
बच्चे की हालत खतरे से बाहर है. घटना के बाबत पीएचसी प्रभारी डॉ एल पी भगत ने बताया कि हमें भी सूचना मिली है कि पीएचसी में एक भी डॉक्टर के उपस्थित नहीं पर परिजन एवं ग्रामीणों द्वारा तोड़फोड़ की गयी है. ओपी प्रभारी को सूचना दी गयी है लेकिन लिखित रूप से आवेदन नहीं दिया गया है. जबकि अवर निरीक्षक कांति प्रसाद यादव ने बताया कि ओपी प्रभारी के निर्देश पर दल को पीएचसी भेजा गया. लेकिन मेरे पीएचसी पहुंचने से पहले ही परिजन बच्चे को लेकर इलाज के लिए मधेपुरा प्रस्थान कर गये थे. उन्होंने बताया कि तोड़फोड़ की घटना में शामिल अज्ञात लोगों पर पुलिस द्वारा कार्रवाई की जायेगी.
