बैसा. बैसा प्रखंड के नन्दनिया कब्रिस्तान के समीप गोढ़ीटोला और नंदनिया गांव को जोड़ने वाली धार पर अब तक आरसीसी पुल निर्माण की मांग अधूरी है.पंचायत मुखिया साजिया तब्बसुम एवं मुखिया प्रतिनिधि अबु अमामा उर्फ बाबा ने बताया कि दोमुख धार पर वर्षों से स्थायी पुल निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक ठोस पहल नहीं हो सकी है. नदी का जलस्तर घटते ही हर साल की तरह इस बार भी ग्रामीणों ने आपसी सहयोग से चचरी पुल का निर्माण कराया है, ताकि किसी तरह संपर्क बना रहे. ग्रामीणों के अनुसार करीब 50 हजार रुपये की लागत से लगभग 100 मीटर लंबा चचरी पुल तैयार किया गया, जिसके सहारे लोग प्रखंड मुख्यालय, बाजार, अस्पताल और अन्य आवश्यक स्थानों तक पहुंचते हैं. बरसात के मौसम में नदी का जलस्तर बढ़ते ही यह संपर्क पूरी तरह टूट जाएगा और लोगों को कई कोस की दूरी तय कर वैकल्पिक मार्गों से जाना पड़ेगा. पुल नहीं बनने का असर केवल नंदनिया और गोढ़ीटोला तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके कारण बैसा प्रखंड की 13 पंचायतों के दर्जनों गांव प्रभावित हैं . करीब 50 हजार से अधिक आबादी को प्रत्यक्ष रूप से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. पुल के अभाव में विकास की अन्य योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं और जरूरी सुविधाएं लोगों तक सहजता से नहीं पहुंच पा रही हैं. ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से शीघ्र स्थायी आरसीसी पुल निर्माण की मांग की है. इस संबंध में विधायक अख्तरुल ईमान ने बताया कि पुल निर्माण का मामला टेंडर प्रक्रिया में है तथा बहुत जल्द ही टेंडर हो जाने की संभावना है.
नन्दनिया में आरसीसी पुल के अभाव में चचरी पुल का सहारा, विधायक ने कहा- टेंडर प्रक्रिया में
विधायक ने कहा- टेंडर प्रक्रिया में
