पूर्णिया : राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर जिला खेल संघ की ओर से शहर के डीएसए मैदान में सम्मान समारोह आयोजित किया गया. कार्यक्रम में जिले के विभिन्न खेलों में राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व करने वाले 25 प्रतिभावान खिलाड़ियों और पांच प्रशिक्षकों को सम्मानित किया गया.
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला खेल संघ के अध्यक्ष अधिवक्ता गौतम वर्मा ने की. समारोह की शुरुआत हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद के तैलचित्र पर अतिथियों और खेलप्रेमियों द्वारा माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर हुई.
मेजर ध्यानचंद के जीवन से प्रेरणा लेने का संदेश
कार्यक्रम में अतिथियों ने मेजर ध्यानचंद के अनुशासित खेल जीवन और देश के लिए उनके ऐतिहासिक योगदान पर प्रकाश डाला. संघ के अध्यक्ष गौतम वर्मा ने बिहार सरकार की खेल मंत्री श्रेयसी सिंह की ओर से भेजा गया शुभकामना संदेश भी पढ़कर सुनाया.
संघ की संरक्षक नीलम अग्रवाल ने मेजर ध्यानचंद के जीवन पर चर्चा करते हुए कहा कि खिलाड़ियों को उनसे प्रेरणा लेनी चाहिए. उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों के बावजूद मेजर ध्यानचंद ने अपने खेल से देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया.
फुटबॉल से ताइक्वांडो तक, खिलाड़ियों को सम्मान
समारोह में फुटबॉल, कबड्डी, खो-खो, एथलेटिक्स, तीरंदाजी, क्रिकेट, शतरंज, हॉकी, ताइक्वांडो और बेसबॉल समेत विभिन्न खेलों में राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व करने वाले 25 खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया.
इसके साथ ही पांच प्रशिक्षकों रीना बाखला, आदित्य झा, दिलीप कुमार सिन्हा, सुशील कुमार और मुसब्बर अहमद को भी सम्मानित किया गया.
विभिन्न खेल संघों के पदाधिकारियों के हाथों खिलाड़ियों को पुरस्कार प्रदान किये गये. सामाजिक कार्यकर्ता शौर्य राय ने भी युवा खिलाड़ियों को अपनी ओर से पुरस्कार देकर उनका उत्साह बढ़ाया.
खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने पर जोर
आयोजकों ने कहा कि ऐसे सम्मान समारोह खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाने के साथ उन्हें आगे बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करते हैं. खेल संघ की ओर से जिले की प्रतिभाओं को मंच और प्रोत्साहन देने की दिशा में लगातार प्रयास करने की बात कही गयी.
कार्यक्रम का संचालन सुमित प्रकाश और एम. रहमान ने संयुक्त रूप से किया. मौके पर खेल संघ के पदाधिकारी, प्रशिक्षक, खिलाड़ी और बड़ी संख्या में खेलप्रेमी मौजूद रहे.
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