पूर्णिया. नगर निगम में बीते करीब दस दिनों से एक भी जेई नहीं हैं. जिस वजह से निगम के कई कार्य प्रभावित हुए हैं. वहीं संवेदकों को भी भारी परेशानी उठानी पड़ रही है. न तो निर्माण कार्यों के लिए एस्टीमेट ही बन पा रहा है और न ही चल रहे कार्यों के निरीक्षण का कार्य. इसके अलावा भी कई अन्य जेई के स्तर से होने वाले कार्य प्रभावित है. मालूम हो कि शहर में चल रहे सड़क, नाला निर्माण कार्य का भी निरीक्षण जेई द्वारा ही किया जाता है जो अभी बंद है. ज्ञात हो कि नगर निगम में चार जेई कार्यरत थे. फैयाज, पप्पू कुमार, राजेश कुमार और एक अन्य जेई थे. लेकिन इन सभी के द्वारा अन्य विभागों में ज्वाइन कर लिए जाने से निगम के सभी जेई की जगह खाली हो गयीं हैं. इनके जाने के बाद विभाग नये जेई के इंतजार में हैं. इधर एक भी जेई के नहीं रहने से नगर निगम के अधिकांश संवेदकों का कार्य अटक गया है. सड़क-नाला सहित अन्य विकास कार्यों का स्टीमेट नहीं बन रहा है और न ही हुए निर्माण कार्य का निरीक्षण ही हो पा रहा है. नगर निगम से चारों जेई के जाने के दस दिन बाद भी नयी पोस्टिंग अब तक विभाग की ओर से नहीं की गयी है. हालांकि सहायक अभियंता के स्तर से कई विकास कार्य जारी है. संवेदकों का कहना है कि वर्तमान में जेई के नहीं रहने से उनका कार्य बाधित है वहीं नयी योजना का स्टीमेट नहीं बन पा रहा है. संवेदकों ने कहा कि विभाग को अविलंब नये जेई को नियुक्त करना चाहिए ताकि शहर में विकास कार्य अवरुद्ध नहीं हो.
कहते हैं अधिकारी
नगर निगम में करीब दस फरवरी से एक भी जेई नहीं है. सभी जेई दूसरे विभागों में नियुक्त होने से यहां से चले गये. इससे उनके स्तर का सारा कार्य प्रभावित है. नया स्टीमेट नहीं बन रहा है. इससे कई तरह की परेशानी हो रही है. विभाग से नए जेई की नियुक्ति जल्द होने की उम्मीद है.कुमार मंगलम, नगर आयुक्त पूर्णिया
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