बिहार बॉडीज एम्पलाइज फेडरेशन और स्थानीय कर्मचारी महासंघ (एक्टू) संयुक्त संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर 30 जुलाई से जारी अनिश्चितकालीन राज्यव्यापी हड़ताल गुरुवार को समाप्त हो गई. नगर विकास एवं आवास विभाग और राज्य सरकार के आश्वासन के बाद सभी कर्मचारी काम पर लौट आए हैं. इसके साथ ही पूर्णिया नगर निगम क्षेत्र में गुरुवार रात से ही साफ-सफाई और कचरा उठाव का कार्य पूर्ववत शुरू हो गया है, जिससे शहरवासियों ने राहत की सांस ली है.
देवघर यात्रा के दौरान भी महापौर रहीं सक्रिय
हड़ताल के दौरान पूर्णिया नगर निगम की महापौर विभा कुमारी ने कर्मचारियों की मांगों को सुलझाने के लिए विशेष पहल की:
- मंत्रियों व सचिव को लिखा पत्र: पवित्र श्रावणी कांवर यात्रा के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम (देवघर) में होने के बावजूद उन्होंने दूरभाष पर कटिहार/पूर्णिया प्रशासनिक अधिकारियों से बात की. साथ ही नगर विकास मंत्री और प्रधान सचिव को पत्र भेजकर कर्मचारियों की मांगों पर मानवीय दृष्टिकोण से विचार करने का अनुरोध किया.
- प्रतिनिधिमंडल ने सौंपा संदेश: महापौर के निर्देश पर वार्ड पार्षदों और पार्षद प्रतिनिधियों के एक दल ने हड़ताली कर्मचारियों से मुलाकात कर उनका रुख जाना और महापौर का आश्वासन संदेश पहुंचाया.
नगर निगम बोर्ड की बैठक में उठेंगे स्थानीय मुद्दे
प्रतिनिधिमंडल ने कर्मचारियों को आश्वस्त किया कि जो मांगें स्थानीय स्तर पर नगर निगम के अधिकार क्षेत्र में आती हैं, उन्हें आगामी बोर्ड बैठक में प्राथमिकता से पूरा किया जाएगा:
महापौर विभा कुमारी का बयान: "नगर निगम के कर्मचारी शहर की स्वच्छता व्यवस्था की रीढ़ हैं. उनकी समस्याओं के प्रति मेरी पूरी संवेदना है. निगम के अधिकार क्षेत्र वाली मांगों को आगामी बोर्ड बैठक में प्रमुखता से रखकर जल्द पूरा किया जाएगा."
कर्मचारियों की मुख्य 3 सूत्री मांगें
कर्मचारी संघ ने सरकार के समक्ष अपनी प्रमुख मांगों को दोहराया है:
- सेवा का नियमितीकरण एवं सुरक्षा: आउटसोर्सिंग व ठेका व्यवस्था को समाप्त कर कर्मियों की सेवा स्थाई की जाए.
- आउटसोर्सिंग व्यवस्था पर रोक: सफाई व्यवस्था में ठेकेदारी प्रथा को पूर्णतः बंद किया जाए.
- ACP-MCP योजना का लाभ: वित्तीय लाभों का पूर्ण क्रियान्वयन और लंबे समय से लंबित देयों का अविलंब भुगतान हो.
प्रतिनिधिमंडल में वार्ड पार्षद अंजनी साह, अभिजीत कुमार निप्पू, गुलाब हुसैन, स्वपन घोष, अमित कुमार सोनी, लखेंद्र साह सहित कई पार्षद प्रतिनिधि मौजूद रहे. सभी ने जनहित को ध्यान में रखते हुए काम पर लौटने के कर्मचारियों के फैसले का स्वागत किया.
