विलुप्त हो रही सिक्की आर्ट से रूबरू हुए किलकारी के बच्चे

किलकारी बिहार बाल भवन पूर्णिया

पूर्णिया. किलकारी बिहार बाल भवन पूर्णिया में छः दिवसीय मिथिलांचल की पारंपरिक पौराणिक शिल्प कला सिक्की आर्ट का कार्यशाला 1 से 6 अक्टूबर तक आयोजन हुआ. इस कार्यशाला में विशेषज्ञ के रूप में दरभंगा के राजेश कुमार कर्ण एवं गंगा देवी को आमंत्रित किया गया था. उनके द्वारा बच्चो को विलुप्त होती सिक्की से बने सुंदर सुंदर टोकरी, डलिया, सिक्की पेंटिंग, सिक्की से बनी चूड़ी, इयर रिंग इत्यादि बनाने सिखाया गया. बच्चे काफी लगनशील होकर इस पूरे कार्यशाला में अपना भागीदारी दी. कार्यशाला से पूर्णिया के कुल 200 बच्चे लाभान्वित हुए. हस्तकला प्रशिक्षिका जूही कुमारी द्वारा सिक्की आर्ट कार्यशाला का सुचारू रूप से संचालन किया गया. इस कार्यशाला की व्यवस्था सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी नेहा कुमारी एवं प्रमंडल रिसोर्स पर्सन रुचि कुमारी द्वारा किया गया. इस पूरे कार्यशाला का समन्वय प्रमंडल कार्यक्रम समन्वयक त्रिदीप शील द्वारा किया गया. फोटो:6 पूर्णिया 33- कार्यशाला में भाग लेते किलकारी के बच्चे

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