सब्जी उत्पादक किसानों के लिए सब्जी मंडी और मक्का किसानों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य की मांग पूर्णिया. पूर्व सांसद संतोष कुशवाहा शुक्रवार को बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात कर उन्हें दो मांग-पत्र सौंपा. इसमें सब्जी-उत्पादक किसानों के लिए खुश्कीबाग में सब्जी-मंडी और मक्का-किसानों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य और सरकारी स्तर पर मक्का की खरीद की मांग शामिल है. मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने सब्जी-उत्पादक किसानों के लिए सब्जी-मंडी के निर्माण के लिए अग्रेतर कार्रवाई करने और मक्का से जुड़ी समस्या के बाबत विचार करने का आश्वासन दिया. अपने पत्र में पूर्व सांसद श्री कुशवाहा ने कहा है कि पूर्णिया और आसपास के इलाके में व्यापक स्तर पर मौसमी सब्जी की व्यावसायिक खेती होती है. यहां उत्पादित सब्जी सीमांचल और कोसी के इलाके में भी भेजी जाती है लेकिन, सब्जी उत्पादक किसानों के लिए पूर्णिया में कोई नियोजित सब्जी-मंडी नही है. लिहाजा, सब्जी उत्पादक किसान अपने उत्पाद को लेकर कभी इस बाजार तो कभी दूसरे बाजार भटकने के लिए बाध्य हैं. इसका खामियाजा किसानों को इस तरह भुगतना पड़ता है कि उन्हें उनके उत्पाद का वाजिब मूल्य नही मिल पाता है.कहा कि पूर्णिया में किसानों के लिए अनाज-मंडी तो है लेकिन सब्जी मंडी की दशकों से किसान बाट जोह रहे हैं जबकि, पूर्णिया के खुश्की बाग में कृषि विभाग की पर्याप्त जमीन खाली पड़ी हुई है. इस भूमि पर सब्जी-मंडी का निर्माण कराया जा सकता है जो सब्जी-उत्पादक किसानों के हित मे होगा. दूसरे मांग-पत्र में पूर्व सांसद श्री कुशवाहा ने मक्का किसानों की समस्या का जिक्र करते हुए कहा कि सीमांचल बिहार का सबसे बड़ा मक्का-उत्पादक केंद्र है जहां पूर्णिया में सर्वाधिक मक्का की खेती होती है. मक्का न केवल किसानों के लिए नकदी फसल है बल्कि किसानों की आर्थिक-धुरी भी है लेकिन मक्का किसानों को उनकी लागत और मेहनत की तुलना में मक्का का बाजार में मूल्य नही मिल पाता है. सीजन में आर्थिक जरूरत की वजह से मक्का किसान अपने उत्पाद को औने-पौने दाम में बेचने को विवश होते हैं. श्री कुशवाहा ने कहा कि धान की तरह ही मक्का का भी न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित कर सरकारी स्तर पर खरीद सुनिश्चित होना चाहिए जो किसानों के हित मे होगा.
मुख्यमंत्री से मिले पूर्व सांसद संतोष कुशवाहा, सौंपा मांगपत्र
सौंपा मांगपत्र
