बैसा. बैसा प्रखंड के कंफलिया पंचायत के मुखिया प्रतिनिधि मो हासीम आलम का गुरुवार की रात्रि निधन हो गया. वह पिछले कुछ महीनों से अस्वस्थ चल रहे थे.गुरुवार की रात्रि लगभग 10 बजे उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और उनका आकस्मिक निधन हो गया. उनके निधन की खबर फैलते ही पूरे पंचायत सहित प्रखंड क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई. अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने पंचायत में विकास की नई दिशा दी और पंचायत को प्रखंड स्तर पर एक अलग पहचान दिलायी. उनके निधन पर मुखिया संघ के प्रखंड अध्यक्ष सिकन्दर आलम उर्फ दारा ने कहा कि मुखिया प्रतिनिधि मो हासीम पंचायत के मजबूत स्तंभ थे.उनका योगदान कभी भुलाया नहीं जा सकता. वहीं, शोक व्यक्त करने वालों में विधायक अख्तरूल ईमान, जिला परिषद सदस्य मो असरारूल हक, मौलाना शमीम रजा, प्रखंड प्रमुख शमीम अख्तर उर्फ लालबाबू, उपप्रमुख फिरोज आलम, मुखिया संघ के प्रखंड अध्यक्ष सिकन्दर आलम उर्फ दारा, उपाध्यक्ष जाहिद आलम, पुर्व प्रमुख सह वर्तमान पंचायत समिति सदस्य मो प्रवेज आलम, मुखिया डोली बसाक, मुखिया जकी अनवर, मुखिया समरेन्दर घोष, पंचायत समिति सदस्य मो इस्लामुद्दीन, आईएमआईएम पार्टी के प्रदेश महासचिव हाजी नाहीद गनी, मुखिया हसनैन, मुखिया अबु अमामा उर्फ बाबा, मुखिया जहांगीर आलम, मुखिया जफर इकबाल, मुखिया मो अहमद, मुखिया मो जमशेद, मुखिया मो शमीम, मुखिया मो आरिफ, मुखिया मो अतीकुरर्हमान, पूर्व मुखिया अरविंद कुमार सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि व गणमान्य शामिल हैं. मुखिया प्रतिनिधि के निधन से न केवल उनका परिवार शोकाकुल है, बल्कि पंचायतवासियों ने भी एक अनुभवी और जनसेवी नेतृत्वकर्ता को खो दिया है। उनके जनाजे की नमाज शुक्रवार को अदा कर उन्हें खाके सुपुर्द किया गया.
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