Banmankhi News: घर से निकला 18 साल का रवि कुमार दो दिनों से लापता था. परिवार के लोग उसे हर संभावित जगह पर तलाश रहे थे. थाने में गुमशुदगी की सूचना भी दी गयी, लेकिन रवि का कोई सुराग नहीं मिला. शुक्रवार की सुबह एक बच्चे की नजर बेलाचंद उच्च विद्यालय के पास पानी से भरे गड्ढे पर पड़ी. वहां जो दिखाई दिया, उसे देखकर उसके होश उड़ गये.
गड्ढे में पानी के बीच एक युवक का शव पड़ा था. बच्चे ने शोर मचाकर ग्रामीणों को इसकी जानकारी दी. देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ जुट गयी. पहचान होने पर पता चला कि शव मोहनियां चकला पंचायत के बेला चांद वार्ड संख्या 4 निवासी 18 वर्षीय रवि कुमार का है.
शव मिलने की खबर जैसे ही परिवार तक पहुंची, घर में कोहराम मच गया. दो दिन से बेटे की तलाश कर रहे परिजनों को उसकी मौत की खबर ने पूरी तरह तोड़ दिया.
26 अगस्त की सुबह घर से निकला था रवि, फिर नहीं लौटा
स्थानीय सरपंच सुभाष कुमार साह और ग्रामीण राजेश कुमार के अनुसार रवि 26 अगस्त की सुबह करीब 10 बजे घर से निकला था. इसके बाद वह वापस घर नहीं लौटा.
शाम तक रवि के घर नहीं पहुंचने पर परिवार की चिंता बढ़ने लगी. परिजनों ने रिश्तेदारों और आसपास के संभावित स्थानों पर उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कहीं कोई जानकारी नहीं मिली.
जब काफी खोजबीन के बाद भी रवि का पता नहीं चला तो परिजनों ने 27 अगस्त की देर शाम बनमनखी थाना में गुमशुदगी का आवेदन दिया. परिवार की उम्मीद थी कि पुलिस की मदद से रवि जल्द मिल जाएगा.
लेकिन अगले ही दिन सुबह उसकी तलाश एक दर्दनाक खबर में बदल गयी.
बच्चे ने पानी भरे गड्ढे में देखा शव
शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे गांव का एक बच्चा बेलाचंद उच्च विद्यालय के समीप गया था. इसी दौरान उसकी नजर पानी भरे गड्ढे में पड़ी.
गड्ढे में शव दिखाई देते ही बच्चे ने शोर मचाना शुरू कर दिया. आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण वहां पहुंच गये. लोगों ने पानी में शव को उपलाता हुआ देखा तो तत्काल पुलिस को सूचना दी.
जानकारी मिलते ही बनमनखी पुलिस घटनास्थल पर पहुंची. ग्रामीणों की मदद से शव को पानी से बाहर निकाला गया.
घटनास्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ जुट गयी. अचानक हुई इस घटना से पूरे गांव में मातम का माहौल बन गया.
एक पैर से दिव्यांग था रवि, मानसिक रूप से भी अस्वस्थ बताया गया
बनमनखी थानाध्यक्ष संजय कुमार ने बताया कि 27 अगस्त को रवि के लापता होने की सूचना मिली थी. 28 अगस्त को उसका शव मिलने की जानकारी पुलिस को मिली.
थानाध्यक्ष के अनुसार रवि एक पैर से दिव्यांग था. उसे मानसिक रूप से भी अस्वस्थ बताया जा रहा था.
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया.
रवि तीन भाइयों में था मंझला
परिजनों के अनुसार रवि तीन भाइयों में मंझला था. उसके अचानक लापता होने के बाद परिवार के लोग लगातार उसकी तलाश में जुटे थे.
शव मिलने के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है. जिन परिजनों को उम्मीद थी कि रवि किसी तरह घर लौट आएगा, उन्हें शुक्रवार सुबह उसकी मौत की खबर मिली.
Banmankhi News: मौत कैसे हुई, पुलिस जांच में जुटी
रवि पानी भरे गड्ढे तक कैसे पहुंचा और उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है. पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है और घटना की जांच की जा रही है.
पुलिस के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट महत्वपूर्ण होगी. इससे मौत के कारण और परिस्थितियों को समझने में मदद मिल सकती है.
फिलहाल पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि 26 अगस्त को घर से निकलने के बाद रवि कहां-कहां गया था और पानी भरे गड्ढे तक कैसे पहुंचा.
घटना ने गांव में सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं. आबादी और विद्यालय के आसपास खुले एवं पानी से भरे गड्ढे लोगों के लिए खतरा बन सकते हैं. ऐसे स्थानों की पहचान कर सुरक्षा के इंतजाम करना स्थानीय प्रशासन की जिम्मेदारी भी बनती है.
फिलहाल रवि की मौत के बाद बेला चांद गांव में मातम पसरा है और परिवार अपने बेटे को खोने के गम में डूबा हुआ है.
