पूर्णिया : शहर के मुख्य चौराहा आरएन साव चौक से लेकर काली बाड़ी चौक व लखन चौक पर अक्सर जाम लगने वाली जाम से आमलोग त्रस्त हैं. इसके पीछे मुख्य कारण सड़क किनारे ही चार पहिया व दो पहिया वाहनों की पार्किंग को माना जा रहा है. शहर के इस व्यस्ततम सड़क पर अक्सर जाम लगने के कारण आमलोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. इसके बावजूद यातायात पुलिस की नींद नहीं खुली है.
सड़कों पर वाहन पार्किंग से लखन चौक पर लगता है जाम
पूर्णिया : शहर के मुख्य चौराहा आरएन साव चौक से लेकर काली बाड़ी चौक व लखन चौक पर अक्सर जाम लगने वाली जाम से आमलोग त्रस्त हैं. इसके पीछे मुख्य कारण सड़क किनारे ही चार पहिया व दो पहिया वाहनों की पार्किंग को माना जा रहा है. शहर के इस व्यस्ततम सड़क पर अक्सर जाम […]

व्यस्ततम सड़कों में प्रमुख: यह सड़क शहर के सबसे व्यस्ततम सड़कों में मुख्य है.इसी सड़क के इर्द गिर्द सभी प्रमुख बैंक,बड़े होटल,मशीनरी सामान, ज्वेलरी दुकानें आदि के कई प्रतिष्ठान व कार्यालय है. इसी सड़क के किनारे सबसे प्राचीन हाट भट्ठा हाट है.
यही कारण है कि इस सड़क से होकर लगभग लाखों लोगों की आवाजाही होती है. लोग अपनी जरूरतों के सारे सामान यहीं से खरीदते हैं. खास बात यह है कि यह सड़क काली बाड़ी चौक से पूरब की ओर अतिक्रमण के कारण संकरी हो गयी है. इसके बाद सड़क के किनारे दफ्तरों, प्रतिष्ठानों के कर्मियों व आने वाले ग्राहकों के वाहनों की पार्किंग होती है. वाहनों की इस भीड़ के कारण यहां अक्सर जाम लग जाता है.
अतिक्रमण के कारण भी संकरी हुईं सड़कें
आरएन साव चौक से भट्ठा बाजार की तरफ निकलने पर डिलक्स होटल के सामने, काली बाड़ी चौक, झंडा चौक व लखन चौक पर रोजाना एक नहीं कई बार भीषण महाजाम लगता है. लखन चौक तो वैसे अतिक्रमण के कारण काफी संकरी हो चुका है. वहीं दूसरी ओर इस चौक पर वाहनों का चौतरफा दबाव बना रहता है.
इस चौराहे पर रजनी चौक, चित्रवाणी सिनेमा रोड व भट्ठा बाजार की ओर से आने वाले वाहनों का दबाव बना रहता है. यही कारण है कि यहां हर आधा घंटे पर जाम लग जाता है. जिससे आवाजाही करने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है.
नहीं होता है नो इंट्री का पालन
अक्सर जाम लगने के कारण प्रशासन ने सात साल पूर्व बड़े वाहनों की आवाजाही पर नो इंट्री लगाया था. नो इंट्री लगने के बाद कुछ समय तक तो आवाजाही सामान्य रही. लेकिन बीतते समय के साथ सब कुछ पूर्ववत हो गया. अब तो आलम यह है कि इस होकर हर छोटी बड़ी गाड़ियों का परिचालन होने लगा है. यही कारण है कि इस सड़क पर जाम की समस्या प्रमुख समस्या बन कर रह गयी है. इसका निदान दूर-दूर तक नहीं दिख रहा है. शहरवासी जाम से त्रस्त हैं.