कैंसर इलाज का भविष्य है प्रिसिजन मेडिसिन, बोले डॉ अभिषेक आनंद- सही मरीज को सही उपचार देना लक्ष्य

Precision Medicine: कैंसर उपचार के क्षेत्र में प्रिसिजन मेडिसिन एक नई उम्मीद बनकर उभर रही है. मरीज की जीनोमिक और जैविक विशेषताओं के आधार पर तय किया जाने वाला यह उपचार न केवल अधिक प्रभावी साबित हो रहा है, बल्कि दुष्प्रभावों को भी कम कर रहा है.

Precision Medicine: कैंसर के इलाज में तेजी से हो रहे बदलावों के बीच प्रिसिजन मेडिसिन नई क्रांति के रूप में उभर रही है. यह ऐसी आधुनिक उपचार पद्धति है, जिसमें मरीज की मॉलिक्यूलर परीक्षणों, कैंसर के प्रकार और उसकी जैविक विशेषताओं के आधार पर इलाज तय किया जाता है. इससे इलाज की सफलता बढ़ती है और अनावश्यक दुष्प्रभाव कम होते हैं. यह बातें नारायणा कैंसर सेंटर, पटना के निदेशक एवं पारस एचएमआरआई के निदेशक (मेडिकल ऑन्कोलॉजी) डॉ. अभिषेक आनंद ने शनिवार को आईएमए समस्तीपुर के तत्वावधान में आयोजित सीएमई कार्यक्रम में कहीं. कार्यक्रम का विषय था “प्रिसिजन मेडिसिन : द फ्यूचर ऑफ ऑन्कोलॉजी”.

डॉ. आनंद ने कहा कि पहले कैंसर के अधिकांश मरीजों को एक जैसी दवाएं और उपचार दिए जाते थे, लेकिन अब चिकित्सा विज्ञान इस दिशा में आगे बढ़ चुका है कि हर मरीज को उसकी बीमारी की प्रकृति के अनुसार व्यक्तिगत उपचार उपलब्ध कराया जा सके. उन्होंने बताया कि जीनोमिक प्रोफाइलिंग, टार्गेटेड थेरेपी और इम्यूनोथेरेपी जैसी तकनीकों ने कैंसर उपचार को अधिक सटीक और प्रभावी बनाया है.

उन्होंने कहा कि फेफड़े, स्तन, कोलन और ओवरी समेत कई प्रकार के कैंसर में प्रिसिजन मेडिसिन के बेहतर परिणाम देखने को मिल रहे हैं. आने वाले वर्षों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और जीनोमिक रिसर्च के सहयोग से यह पद्धति और अधिक प्रभावी होगी.

कार्यक्रम में आईएमए समस्तीपुर के अध्यक्ष डॉ. उपेंद्र सिंह, सचिव डॉ. रेनू राणा, साइंटिफिक कमेटी के चेयरमैन डॉ. राजेश कुमार झा सहित बड़ी संख्या में चिकित्सकों ने भाग लिया. विशेषज्ञों ने कैंसर के आधुनिक उपचार और नई तकनीकों पर अपने विचार साझा किए.

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Published by: Pritish Sahay

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