पटना नहीं, कोलकाता में क्यों कराई पत्नी राजश्री की डिलीवरी? तेजस्वी यादव ने बताई असली वजह

Tejashwi Yadav: तेजस्वी यादव के कोलकाता में बेटे के जन्म को लेकर उठे सवालों पर अब खुद उन्होंने सफाई दी है. पूर्व डिप्टी सीएम ने बताया कि पत्नी राजश्री यादव की डिलीवरी अस्पताल के कारण नहीं, बल्कि पारिवारिक देखभाल और सुविधा को ध्यान में रखकर कोलकाता में कराई गई.

Tejashwi Yadav: राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव हाल ही में दूसरी बार पिता बने हैं. उनकी पत्नी राजश्री यादव ने 27 मई को कोलकाता के एक निजी अस्पताल में बेटे को जन्म दिया. इस खबर के सामने आने के बाद लोगों के बीच यह सवाल उठने लगा कि तेजस्वी ने पटना के बड़े और बेहतर अस्पतालों की बजाय कोलकाता को क्यों चुना?

पूरे 9 महीने कोलकाता में रहीं राजश्री

अब तेजस्वी यादव ने खुद इस सवाल पर चुप्पी तोड़ी है. एएनआई को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने स्पष्ट किया कि कोलकाता का चुनाव अस्पताल की वजह से नहीं, बल्कि पारिवारिक सुविधा और देखरेख के कारण किया गया था. उन्होंने बताया कि राजश्री प्रेग्नेंसी के दौरान पूरे 9 महीने कोलकाता में ही रहीं, क्योंकि वहां उनके साले रहते हैं, जो उनकी देखभाल कर सकते थे.

24 घंटे देखरेख की थी ज़रूरत, घर में सभी रहते हैं व्यस्त

तेजस्वी ने यह भी कहा कि वह खुद बेहद व्यस्त रहते हैं और उनके माता-पिता-राबड़ी देवी और लालू यादव भी अपने कामों में लगे रहते हैं. ऐसे में 24 घंटे देखरेख की ज़रूरत थी, जो कोलकाता में रहकर संभव हो पाया. साथ ही उन्होंने कहा कि पटना में राजश्री के लिए घूमना-टहलना आसान नहीं था, जबकि कोलकाता में वह इस दौरान खुलकर जीवन जी सकीं.

सोशल मीडिया पर दी थी जानकारी

तेजस्वी यादव ने बेटे के जन्म की जानकारी सोशल मीडिया पर दी थी, जिसे लेकर उन्हें देशभर से बधाइयां मिलीं. वहीं लालू प्रसाद यादव ने अपने पोते का नाम ‘इराज’ रखा, जिसका अर्थ है भगवान हनुमान. उन्होंने कहा कि चूंकि उनका पोता मंगलवार को जन्मा, जो हनुमान जी का दिन होता है, इसलिए संस्कृत से प्रेरित यह नाम रखा गया.

तेजस्वी यादव के इस पारिवारिक फैसले पर उठे सवालों का यह जवाब उनके स्पष्ट और व्यावहारिक सोच को दर्शाता है, जिसमें परिवार की देखभाल और सहजता को प्राथमिकता दी गई.

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अभिनंदन पांडेय पिछले दो वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की और दैनिक जागरण, भोपाल में काम किया. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के हिस्सा हैं. राजनीति, खेल और किस्से-कहानियों में उनकी खास रुचि है. आसान भाषा में खबरों को लोगों तक पहुंचाना और ट्रेंडिंग मुद्दों को समझना उन्हें पसंद है. अभिनंदन ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से की. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को सही तरीके से लोगों तक पहुंचाने की सोच ने उन्हें इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने भोपाल में बॉलीवुड के कई बड़े कलाकारों और चर्चित हस्तियों के इंटरव्यू किए. यह अनुभव उनके करियर के लिए काफी अहम रहा. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर डिजिटल में इंटर्नशिप की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की वास्तविक दुनिया को करीब से समझा. बहुत कम समय में उन्होंने रियल टाइम न्यूज लिखना शुरू कर दिया. इस दौरान उन्होंने सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता भी बेहद जरूरी होती है. फिलहाल वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ काम कर रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में कवर किया, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और वीडियो कंटेंट भी तैयार किए. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और भरोसेमंद खबर पहुंचे. पत्रकारिता में उनका लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और एक विश्वसनीय पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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