विधानसभा चुनाव में वीआइपी मूवमेंट को लेकर कड़े सुरक्षा इंतजाम

बिहार विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए राज्यभर में वीआइपी और राजनीतिक नेताओं की आवाजाही के लिए सख्त सुरक्षा व्यवस्था की गयी है.

संवाददाता, पटना बिहार विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए राज्यभर में वीआइपी और राजनीतिक नेताओं की आवाजाही के लिए सख्त सुरक्षा व्यवस्था की गयी है. सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को अपने-अपने क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर गृह विभाग को रिपोर्ट देने को कहा गया है. वहीं, पटना, गया, मुजफ्फरपुर और भागलपुर जैसे प्रमुख शहरों और हाइ-सिक्योरिटी जोन में अर्द्धसैनिक बलों की अतिरिक्त तैनाती की जा रही है. चुनावी सभाओं में वाहनों की जांच, तलाशी और ड्रोन सर्विलांस को और तेज किया जायेगा ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोका जा सके. स्पेशल ब्रांच के अधिकारियों- कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द करने की भी सूचना है. अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि चुनावी रैलियों, रोड शो और बैठकों के दौरान समुचित समन्वय और चौकसी सुनिश्चित की जाए. संवेदनशील जिलों में वीआइपी मूवमेंट को लेकर एक विस्तृत सुरक्षा योजना तैयार की जा रही है. स्पेशल ब्रांच और खुफिया इकाइयों को सख्त निगरानी रखने और जिलेवार पुलिस को रियल-टाइम जानकारी साझा करने के निर्देश दिये गये हैं. स्पेशल ब्रांच के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि वीआइपी मूवमेंट की निगरानी के लिए 24 घंटे संचालित होने वाला केंद्रीय कंट्रोल रूम बनाया गया है. चुनाव आयोग को भी सुरक्षा ब्लूप्रिंट की जानकारी दे दी गयी है ताकि चुनाव प्रक्रिया सुचारु रहे और आने वाले गणमान्य व्यक्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके. गृह मंत्रालय ने राजनीतिक रैलियों की सुरक्षा के लिए एक समान मानक प्रक्रिया अपनाने के साथ ही खतरे के स्तर के अनुसार सभी वीआइपी को उचित सुरक्षा प्रदान की एडवाइजरी बिहार को भेजी है. वीआइपी सुरक्षा से जुड़ी एक बैठक पटना में हो चुकी है. इसमें केंद्रीय और राज्य पुलिस एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने एक- एक बिंदु पर चर्चा की थी. आने वाले वीआइपी को उनके निर्धारित श्रेणी के अनुरूप सुरक्षा उपलब्ध कराने को सुरक्षा ड्यूटी में तैनात पुलिस पदाधिकारी आदि ब्लूबुक का अध्ययन कर रहे हैं ताकि नियमों का पालन कराने में किसी भी तरह की चूक नहीं हो. विधानसभा चुनाव के दौरान किसी भी वीवीआइपी कार्यक्रम या दौरे के समय सभी जिलों में तैनात सुरक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे निर्धारित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करें . अधिकारियों को वीआइपी मूवमेंट, रूट सिक्योरिटी, भीड़ प्रबंधन, संवेदनशील स्थलों की निगरानी के मानक तरीकों की जानकारी आदि का प्रशिक्षण दिया जा चुका है. अमृत राज, एडीजी (सुरक्षा)

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By RAKESH RANJAN

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