आइजीआइएमएस में बिना चीरा लगाये मरीज का इंडोस्कोपी तकनीक से मलद्वार के ट्यूमर का हुआ सफल इलाज

आइजीआइएमएस के डॉक्टरों ने एंडोस्कोपी तकनीक से एक 45 वर्षीय मरीज का सफल इलाज कर कैंसर होने से बचा लिया है.

– समय पर इलाज नहीं होता तो भविष्य में हो सकता था कैंसर संवाददाता, पटना आइजीआइएमएस के डॉक्टरों ने एंडोस्कोपी तकनीक से एक 45 वर्षीय मरीज का सफल इलाज कर कैंसर होने से बचा लिया है. संस्थान के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ मनीष मंडल ने बताया कि गैस्ट्रो मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रो. डॉ राहुल कुमार व उनकी टीम की देखरेख में मलद्वार में ट्यूमर का एंडोस्कोपिक म्यूकोसल रिसेक्शन (इएमआर) द्वारा पहली बार सफलतापूर्वक इलाज किया गया. उन्होंने कहा कि मरीज अपने पेट व मलाशय में दर्द को लेकर गैस्ट्रोसर्जरी विभाग के ओपीडी में डॉ राकेश कुमार के पास आये थे. जांच में हिस्टोपैथोल‚ ट्यूब्युलर एडेनोमा विदलो–ग्रेड डिस्प्लेसिया पाया गया. यह एक ऐसी स्थिति होती है, जिसमें भविष्य में कैंसर में बदलने की आशंका रहती है और इसका आकार बड़ा होने लगता है. पुष्टि के लिए एमआरआइ जांच भी करायी गयी, जिसमें बीमारी मस्क्युलैरिस म्यूकोसा तक सीमित थी और गहराई में फैलाव के कोई स्पष्ट प्रमाण नहीं थे. उन्हें आगे के इलाज को लेकर एंडोस्कोपी यूनिट में डॉ राहुल के यूनिट में रेफर कर दिया गया. जहां डॉ राहुल ने इंडोस्कोपी कर मरीज का ट्यूमर को जड़ से निकाला. संस्थान के निदेशक डॉ बिंदे कुमार व उपनिदेशक डॉ विभूति प्रसन्न सिन्हा ने इसके लिए डॉ राहुल कुमार तथा एंडोस्कोपी टीम, नर्सिंग स्टाफ, तकनीशियन एवं सहायक कर्मचारियों की सराहना की.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Durgesh kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >